मेरे भी संस्कार बने रहने चाहिए
नीलिमा से बातचीत शुरू हुई तो उन्होंने प्रधानमंत्री से कहा कि कृपया आप हमें नीलिमा मेहता जी कह कर संबोधित न करें। इस पर प्रधानमंत्री ने मुस्कुराते हुए कहा कि हमारे भी संस्कार बने रहना चाहिए। नीलिमा और प्रधानमंत्री के वर्चुअल संवाद में बीच में एक बार व्यवधान भी पैदा हुआ। हालांकि थोड़ी देर बाद इंटरनेट कनेक्टिविटी सही होते ही प्रधानमंत्री ने दोबारा नीलिमा से बातचीत की।