वाराणसी के चौबेपुर के शिवदशां निवासी मानवेंद्र सिंह उर्फ करिया की हत्या की साजिश उसकी प्रेमिका ने ही रची थी। खुलासा करते हुए पुलिस ने मंगलवार को करिया की प्रेमिका सहित पांचों आरोपियों को अदालत में पेश किया। प्रकरण में शिथिलता बरतने के आरोप में चौबेपुर थाने के दरोगा रामसरीख गौतम को एसएसपी ने निलंबित कर दिया है।
चौबेपुर थाना के शिवदशां में बीती छह फरवरी की रात करिया के सिर में गोली मार कर हत्या कर दी गई थी। एसएसपी प्रभाकर चौधरी ने बताया कि सरसौल की प्रीति मिश्रा से करिया प्रेम करता था। इस बीच प्रीति दूसरे युवक गोपाल के नजदीक आ गई। करिया को जब जानकारी हुई तो उसने गोपाल को जान से मारने की धमकी दी। यह बात प्रीति और गोपाल को बहुत बुरी लगी।
दोनो ने करिया को ठिकाने लगाने की योजना बनाई। छह फरवरी की रात करिया को प्रीति ने अपने घर बुलाया। करिया और गोपाल में समझौता कराने की बात कहकर शराब और गोश्त की पार्टी आयोजित की गई। करिया, गोपाल, भरथरा कला का चंदन सिंह, कुकुडहा का बृजेश यादव और भगतुआ के राजू गोड़ ने शराब पी।
रात दो बजे के लगभग जब सब घर जाने लगे तो शिवदशां मोड़ पर सिगरेट पीने के लिए करिया को रोका गया। इसके बाद उसके सिर पर गोली मारकर हत्या कर दी गई। आरोपियों के पास से 32 बोर की देसी पिस्टल, करिया से लूटे गए 48000 रुपये, पांच मोबाइल और इंडिगो कार बरामद की गई है।
एसएसपी ने बताया कि आरोपियों को गिरफ्तार करने में क्राइम ब्रांच प्रभारी अश्वनी पांडेय, एसआई प्रदीप यादव व अरुण प्रताप सिंग, पुनदेव सिंह, घनश्याम वर्मा, सुरेंद्र मौर्य, रामबाबू, कुलदीप सिंह, चंद्रसेन सिंह, विवेक मणि त्रिपाठी और चौबेपुर थानाध्यक्ष मनोज कुमार व उनकी टीम के हेड कांस्टेबल वंशराज प्रसाद, उपेंद्र, अर्चना, इन्द्रकला शामिल रहीं।