विस्तारा एयर लाइंस की फ्लाइट संख्या 729 से गुरुवार को दिल्ली से वाराणसी के लिए उड़ान भरने वाले 126 देशी-विदेशी यात्रियों की जान 24 घंटे तक सांसत में फंसी रही। अब इस मामले में कंपनी ने सफाई दी है ।
विस्तारा ने कहा कि कम दृश्यता के कारण विमान वाराणसी में लैंड नहीं कर पाया। अपने बयान में कंपनी ने कहा कि कम दृश्यता के कारण विमान वाराणसी में लैंड नहीं कर पाया। इसलिए उसे कोलकाता डायवर्ट किया गया जहां ईंधन भरने के बाद फिर यात्रियों से सलाह के बाद विमान को दिल्ली ले जाया गया । वहां भी दृश्यता बहुत कम हो गई।
इसलिए विमान को अहमदाबाद ले जाना पड़ा। अहमदाबाद में यात्रियों को रुकने के लिए पूरी सुविधा मुहैया कराई गई। इस दौरान यात्रियों की सुविधा का पूरा ध्यान रखा गया और उनका पूरा किराया भी वापस कर दिया गया।
बता दें कि विमान के उतरने में देरी के बाद चीख-पुकार के साथ ही जापान की एक महिला यात्री बेहोश हो गई थी। यात्रियों का कहना था कि फ्लाइट में हाईजैक जैसा माहौल हो गया था।
गुरुवार दोपहर बाद 2:05 बजे नई दिल्ली से उड़ा विस्तारा का विमान लगभग 3:30 बजे लाल बहादुर शास्त्री एयरपोर्ट के ऊपर पहुंचा। तीन बार लैंडिंग का प्रयास और एक घंटे हवा में मंडराने के बाद उसे कोलकाता डायवर्ट कर दिया गया।
विमान के कोलकाता में लैंड करने से पहले यात्रियों ने फ्लाइट में ही प्रदर्शन शुरू कर दिया। यात्रियों का आरोप था कि वाराणसी में उसी दौरान दो अन्य एयरलाइंस के विमान लैंड कर गए। विस्तारा की फ्लाइट को न जाने क्यों नहीं उतारा गया?
यात्रियों का आरोप है कि एयरपोर्ट पर फ्लाइट के स्टाफ ने अभद्रता भी की। शुक्रवार सुबह जरूरी काम वाले कुछ यात्रियों को अलग-अलग फ्लाइट से गंतव्य तक भेजा गया। बचे यात्रियों को लेकर विस्तारा का विमान वाया नई दिल्ली 3:40 बजे वाराणसी पहुंचा।