शहर के कई इलाकों में बुधवार को बिजली गुल रहेगी। इसमें 33केवी रानीपुर से दोपहर 12 से 2:30 बजे तक महमूरगंज, जक्खा, रानीपुर, शिवपुरवां और आसपास के क्षेत्र में बिजली नहीं रहेगी। वहीं, दोपहर 12 से दो बजे तक भदैनी, रविंद्रपुरी, अस्सी, हरिश्चंद्रघाट, जल संस्थान और आसपास के इलाकों में बिजली गुल रहेगी। चौकाघाट उपकेंद्र से रमाकांतनगर मलदहिया और इससे जुड़े क्षेत्रों में दोपहर 12 से एक बजे बिजली आपूर्ति बाधित रहेगी।
ड्राइविंग लाइसेंस में आधार जुड़वाना जरूरी
संभागीय परिवहन विभाग ड्राइविंग लाइसेंस और आधार से जोड़ने के लिए मेसेज भेज रहा है। ताकि लोगों को स्मार्ट कार्ड जारी किए जा सके। 2019 से पहले तक संभागीय परिवहन विभाग में मैनुअल ड्राइविंग लाइसेंस तैयार होते थे। जिले में तीन लाख लाइसेंस बिना आधार कार्ड के बने हैं। लोग लाइसेंस की वैधता समाप्त होने के बाद नवीनीकरण कराने आरटीओ कार्यालय आते हैं। इस वजह से यह मुश्किल बना हुआ है। ड्राइविंग लाइसेंस नवीनीकरण के समय सबसे अधिक परेशानी जन्मतिथि की आती है।
पहले लोग जन्मतिथि पर अधिक ध्यान नहीं देते थे। अब नवीनीकरण के समय पुराने लाइसेंस के साथ आधार कार्ड भी जमा होता है। दोनों में जन्मतिथि अलग होने पर कंप्यूटर ऑनलाइन रिकॉर्ड दर्ज नहीं करता है। लोगों को दोबारा लाइसेंस बनवाना पड़ता था। आरटीओ (प्रशासन) शिखर ओझा ने बताया कि ड्राइविंग लाइसेंस से आधार कार्ड का जुड़ा होना अनिवार्य है। पुराने ड्राइविंग लाइसेंस का रिकॉर्ड ऑनलाइन करने का प्रयास किया जा रहा है।
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गोदौलिया पर पिछले दिनों रोपवे के निर्माण कार्य के दौरान क्षतिग्रस्त घोड़ा नाले की मरम्मत का काम 20 अगस्त से शुरू हो जाएगा। मंगलवार को जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार ने गोदौलिया पर निरीक्षण किया। जिलाधिकारी ने अधिकारियों से घोड़े नाले के मरम्मत के बारे में जानकारी ली और समय से काम पूरा करने का निर्देश भी दिया। रोपवे परियोजना निदेशक पूजा मिश्रा ने जिलाधिकारी को परियोजना से संबंधित जानकारियां दीं। इस दौरान जल निगम के अधिकारी और कार्यदायी संस्था के लोग भी मौके पर मौजूद रहे।
फ्लाईओवर की जद में आने वाले 9 मकान हटाए जाएंगे
फरीदपुर रिंग रोड रोड से सारनाथ डायट कॉलेज तक फ्लाईओवर परियोजना का जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार ने सोमवार शाम निरीक्षण किया। ओवरब्रिज के जद आने वाले 9 मकानों को हटाने, बरईपुर से शक्तिपीठ तक जल निकासी के लिए मानचित्र में दर्ज नहर बनाने, तालाब का सुंदरीकरण सहित परियोजना में आने वाले 9 परिवारों को काशीराम आवास में विस्थापित करने के निर्देश दिए।
काशी से बलिया तक गंगा और उसकी सहायक नदियों पर फ्लड जोन सितंबर से बनाया जाने लगेगा। इसकी औपचारिकता इसी महीने पूरी की जाएगी। गंगा किनारे स्थित चार जिलों में कुल 1508 पिलर और 279 साइन बोर्ड लगाए जाने हैं। वाराणसी में 363 पिलर और 68 साइन बोर्ड लगाए जाएंगे। सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता सुरेश चंद्र आजाद ने बताया कि वाराणसी परिक्षेत्र में वाराणसी, चंदौली, भदोही और मिर्जापुर में फ्लड जोन बनाए जाएंगे। सितंबर से काम शुरू होने की उम्मीद है। एनजीटी की पहल पर सुव्यवस्थित फ्लड जोन (बाढ़ क्षेत्र) तय किए गए हैं। गंगा किनारे 200 मीटर की दूरी पर कंक्रीट के पिलर बनाए जाएंगे। एक किमी के दायरे में साइनेज बोर्ड लगाए जाएंगे। इस पर 1.48 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है।
मालवीय पुल से 50 मीटर की दूरी पर समांतर गंगा में लगभग एक किलोमीटर लंबे सिग्नेचर ब्रिज के निर्माण की प्रक्रिया सितंबर से शुरू हो सकती है। इस ब्रिज पर सिक्सलेन की सड़क बनेगी। चार लेन का रेलवे ट्रैक भी होगा। इसकी लागत लगभग 2500 करोड़ रुपये है। यह ब्रिज 2028 तक बनकर तैयार होगा। इसकी डीपीआर पहले ही बन बनी थी। अब आगे की औपचारिकताएं पूरी की जा रही हैं। ब्रिज बनने के बाद वाराणसी से चंदौली, मिर्जापुर, सोनभद्र और बिहार जाना आसान हो जाएगा। एडीआरएम बृजेश कुमार यादव ने बताया कि सिग्नेचर ब्रिज को लेकर मुख्यालय स्तर से तैयारियां चल रही हैं। जल्द ही टेंडर जारी किया जा सकता है। ब्रिज की लंबाई 1074 मीटर है। इसके आठ पिलर गंगा में बनेंगे।