इन आंकड़ों से समझे 2022 के विधानसभा चुनाव में किस दल को कितने वोट मिले थे। जीत का अंतर क्या था और एसआईआर के कितने वोट मतदाता सूची से कटे हैं।
विधानसभा क्षेत्र - शहर उत्तरी
- विजयी प्रत्याशी - रविंद्र जायसवाल, भाजपा (134471)
- उपविजेता - अशफाक अहमद, सपा (93695)
- जीत का अंतर - 40776
- एसआईआर के बाद हटाए गए मतदाता - 111457
विधानसभा क्षेत्र - शहर दक्षिणी
- विजयी प्रत्याशी - डॉ. नीलकंठ तिवारी, भाजपा (99622)
- उपविजेता - कामेश्वर दीक्षित उर्फ किशन, सपा (88900)
- जीत का अंतर - 10722
- एसआईआर से हटे मतदाता - 76722
विधानसभा क्षेत्र - शहर कैंट
- विजयी प्रत्याशी - सौरभ श्रीवास्तव, भाजपा (147833)
- उपविजेता - पूजा यादव, सपा (60989)
- जीत का अंतर - 86844
- एसआईआर के बाद हटाए गए मतदाता - 112384
जिले में एसआईआर से पहले 31 लाख 53 हजार 705 मतदाता थे। अब 25 लाख आठ हजार 502 मतदाता हैं। इनमें 1 लाख 62 हजार 80 मतदाताओं की मैपिंग नहीं हो सकी है। इन मतदाताओं को नोटिस जारी किया जाएगा। जवाब देने और चुनाव आयोग की संतुष्टि के बाद ही मतदाता सूची में नाम जुड़ सकेगा। अगर जवाब संतोषजनक नहीं रहा तो इन सबके नाम भी मतदाता सूची से हटा दिए जाएंगे।
ये भी जानें
- 76 हजार 197 मृतक मतदाता मिले।
- 1 लाख 86 हजार अनुपस्थित मिले।
- 2 लाख 52 हजार 312 मतदाताओं का स्थान बदला।
भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार एक जनवरी 2026 के आधार पर विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों की निर्वाचक नामावलियों के विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण-2026 के अन्तर्गत जनपद के सभी बूथों पर मतदाता सूची का प्रकाशन कर दिया गया। मंगलवार को जिला निर्वाचन अधिकारी सत्येंद्र कुमार ने आर्य महिला इंटर कॉलेज में दीप प्रज्ज्वलित कर मतदाता रजिस्ट्रेशन कार्यक्रम का शुभारंभ किया। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में वोट देने का अधिकार महत्वपूर्ण है।
उन्होंने विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण के कार्यों में लगे सभी कार्मिकों को नो मैपिंग वाले मतदाताओं को नोटिस जारी करने, दावे और आपत्तियों व नए मतदाताओं के नाम जुड़वाने संबंधी कार्यों में विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए। इसके अलावा जिला निर्वाचन अधिकारी द्वारा तहसील सदर स्थित जिला निर्वाचन कार्यालय पहुंचकर समस्त मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों को विधानसभावार मतदाता सूची का वितरण किया गया।
उन्होंने राजनीतिक दल के प्रतिनिधियों को इसके बाद की प्रक्रिया के बारे में विस्तार से जानकारी दी और सभी से सहयोग करने का अनुरोध किया। उप जिला निर्वाचन अधिकारी विपिन कुमार नो मैपिंग वाले मतदाताओं को ईआरओ/एईआरओ द्वारा नोटिस जारी कर छह जनवरी से 27 फरवरी के मध्य सुनवाई की जाएगी। इस काम के लिए 210 एईआरओ की तैनाती भारत निर्वाचन आयोग द्वारा नियत की गई है। उप जिला निर्वाचन अधिकारी विपिन कुमार ने बताया कि मतदाता अब दावा, आपत्ति कर सकते हैं।