बिहार के सासाराम में अपहृत हरियाणा निवासी अनूप और उसके दोस्त भजन लाल को अपहर्ताओं से मुक्त कराकर बनारस के लंका थाने की पुलिस ने उन्हें उनके परिजनों को सुपुर्द कर दिया। गिरफ्तार तीन अपहर्ताओं को मंगलवार को मीडिया के सामने पेश कर पुलिस ने प्रकरण का खुलासा किया।
तीनों के पास से फिरौती के दो लाख रुपये, नाइन एमएम की पिस्टल, तमंचा, चार कारतूस और दो बाइक बरामद कर जेल भेज दिया गया। बदमाशों की शिनाख्त सासाराम के पिंटू कुमार व रामप्रवेश शाह और औरंगाबाद के राजू उर्फ विस्सू चौधरी के तौर पर हुई है। वहीं, कार सवार गैंग का सरगना सासाराम का भुवर दो साथियों के साथ भाग निकला। तीनों की तलाश में दो टीम रोहतास और औरंगाबाद भेजी गई है।
एसपी सिटी दिनेश कुमार सिंह ने बताया कि लंका इंस्पेक्टर संजीव मिश्रा से सोमवार की शाम हरियाणा के फतेहाबाद जिले के भटकला थाना अंतर्गत खावराकला निवासी रणवीर सिंह मिले।
रणवीर ने बताया कि उनके बेटे अनूप और उसके दोस्त भजन लाल का सासाराम में 28 जून को अपहरण किया गया है। बदमाश 13 लाख रुपये मांगे हैं। तीन लाख रुपये में मामला तय कर रकम डाफी बाईपास पर देनी है। सूचना पर इंस्पेक्टर लंका ने डाफी टोल प्लाजा के समीप घेरेबंदी कराई।
हाईवे के किनारे रणवीर सिंह दो अपाचे बाइक सवार दो अपहर्ता के पास जाकर दो लाख रुपये दिए और गरीबी का हवाला देकर गिड़गिड़ाए कि अब एक लाख और नहीं दे पाएंगे।
थोड़ी ही देर बाद आई टेन कार आई और लंका इंस्पेक्टर फोर्स के साथ ललकारे तो अनूप और भजन लाल नीचे कूद पड़े। इस दौरान एक अपहर्ता भी कार से गिर पड़ा। फोर्स ने चौतरफा घेरेबंदी कर दो बाइक सवार दो और अपहर्ता को भी दबोच लिया।
अपहर्ताओं की धरपकड़ में सिपाही मानस कुमार तिवारी घायल हो गए। वहीं, कार और उसके पीछे लगी स्कार्पियो वापस चंदौली की ओर अंधेरे में ना जाने कहां गई कि रात भर की कांबिंग के बाद भी उनका पता नहीं लगा।