फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Cyber Crime: 50 लाख की ठगी में अंतरराज्यीय गिरोह के तीन आरोपी गिरफ्तार, झांसा देकर करते थे ठगी

Wed, 25 Feb 2026 04:04 PM IST
प्रगति चंद अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।

सार

Varanasi News: वाराणसी जिले में 50 लाख से अधिक की साइबर ठगी करने वाले अंतरराज्यीय गिरोह के तीन आरोपियों गिरफ्तार किया गया है। आरोपियों के पास से 10 मोबाइल, 9 सिम कार्ड, 200 एपीके फाइलें और विभिन्न एप मिले।
विज्ञापन
पुलिस के गिरफ्त में आरोपी - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

फेसबुक पर फर्जी आईडी से क्रेडिट कार्ड बनाने और लिमिट बढ़ाने का विज्ञापन देकर 50 लाख से अधिक की साइबर ठगी करने वाले अंतरराज्यीय गिरोह के तीन आरोपियों को प्रतिबिंब सेल और साइबर क्राइम थाने की पुलिस ने गिरफ्तार किया है। 

विज्ञापन


आईसीआईसीआई बैंक क्रेडिट कार्ड के नाम से हूबहू दिखने वाले कूटरचित एपीके फाइल डाउनलोड कराने समेत अन्य माध्यमों से लोगों की कमाई लूटते थे। आरोपियों के पास से 10 मोबाइल, 9 सिम कार्ड, 200 एपीके फाइलें और विभिन्न एप मिले। आरोपियों में बलिया का अनीश वर्मा, झारखंड, देवघर का निवासी टुकटुक कुमार पंडित और पुरुषोत्तम कुमार है। 

पुलिस लाइन में मंगलवार को डीसीपी क्राइम आकाश पटेल ने बताया कि गिरोह लोगों को क्रेडिट कार्ड बनवाने, लिमिट बढ़ाने के नाम पर फंसाता था। पीड़ित को वीडियो कॉल कर उसके वर्तमान क्रेडिट कार्ड का विवरण लेते थे। एपीके फाइल डाउनलोड करवाने के बाद पीड़ितों के मोबाइल पर ओटीपी, एसएमएस डेटा और आईसीआईसीआई एडमिन एप से प्राप्त करते थे। ओटीपी का प्रयोग कर क्रेडिट कार्ड से ऑनलाइन ट्रांजेक्शन, वॉलेट ट्रांसफर, वर्चुअल कार्ड जेनरेट कर पैसे निकाल लेते थे। 

विज्ञापन
विज्ञापन

फर्जी सिम कार्ड और बार-बार बदले गए मोबाइल उपकरणों का प्रयोग करते थे। एडीसीपी नीतू और एसीपी साइबर अपराध विदुष सक्सेना ने बताया कि आरोपी धोखाधड़ी की रकम को विभिन्न वॉलेट से किराये पर फैसिलिटी का लाभ लेकर बैंक खातों में ट्रांसफर कराते थे। कार्ड से सीधे पेमेंट कर ऑनलाइन खरीददारी करते थे। जांच में सामने आया कि लगभग 50 लाख रुपये की साइबर ठगी की गई है। 

एसीपी ने बताया कि पुरुषोत्तम के खिलाफ लखनऊ पूर्वी साइबर थाने में प्राथमिकी दर्ज है। टुनटुन के खिलाफ देवघर के साइबर क्राइम थाने में प्राथमिकी दर्ज है।

तुरंत करें शिकायत
एसीपी साइबर विदुष सक्सेना ने अपील किया कि किसी भी अज्ञात लिंक/एपीके फाइल को इंस्टॉल न करें। ओटीपी, कार्ड विवरण किसी से साझा न करें। साइबर अपराध की सूचना तत्काल 1930 हेल्पलाइन अथवा www.cybercrime.gov.in पर दें।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें