नमनेंद्र भैया को छठ बाद जाना था बंगलूरू
राजेंद्र के घर रेनू खाना बनाती थी। जिया बर्तन धोती थी और रीता सफाई करती थी। रेनू ने बताया कि सोमवार की शाम उसे काम था, इसलिए वह रोटी-सब्जी बनाकर शाम छह बजे चली गई थी। उस समय घर पर सिर्फ सुबेंद्र और गाैरांगी ही थे। रेनू ने कहा कि पूरा परिवार बहुत अच्छा था। कभी आपस में कहासुनी भी नहीं होती थी।
उसने बताया कि नमनेंद्र भैया बंगलूरू में किसी मल्टीनेशनल कंपनी में नौकरी करते थे। वह दीपावली के पहले आए थे और छठ मनाने के बाद उन्हें वापस जाना था। गौरांगी और सुबेंद्र शहर के एक नामी स्कूल में कक्षा 10 और आठ में पढ़ते थे। गौरांगी का हाल में परीक्षा में कम नंबर आया था तो उसकी मां ने उसे डांटा था।
एक भतीजा पुलिस की सूचना पर पहुंचा: भाई कृष्णा और उसकी पत्नी मंजू की हत्या के बाद उनके बेटों विक्की व जुगनू और बेटी डाली का पालन-पोषण राजेंद्र गुप्ता ने ही किया था। डाली की शादी डेढ़ साल पहले उसने दिल्ली में की थी। विक्की और जुगनू उर्फ प्रशांत दिल्ली और बंगलूरू में रह कर काम करते हैं। दीपावली पर विक्की आया था और फिर वापस चला गया था। इंस्पेक्टर भेलूपुर ने बताया कि जुगनू वाराणसी आ गया है। विक्की से संपर्क नहीं हुआ है। वह किसी का फोन नहीं रिसीव कर रहा है। दोनों भतीजों के मोबाइल की कॉल डिटेल खंगाली जा रही है।
राजेंद्र के मकान वाली गली में नहीं लगे हैं सीसीटीवी कैमरे
भदैनी पॉवर हाउस के सामने जिस गली में राजेंद्र का मकान है, उसमें सीसी कैमरे नहीं लगे हैं। वहीं, मीरापुर रामपुर स्थित जहां राजेंद्र का मकान बन रहा था, उसके आसपास भी सीसी कैमरे नहीं लगे हैं। इस वजह से पुलिस को पड़ताल में दिक्कतें आईं। अस्सी से भदैनी मार्ग पर जहां से राजेंद्र के मकान के लिए गली मुड़ती है, वहां सीसी कैमरे लगे मिले। पुलिस ने उनकी पिछले 72 घंटे की फुटेज जांच के लिए ली है।
किसी से मतलब नहीं रखता था, तंत्र-मंत्र में था यकीन: राजेंद्र गुप्ता के मीरापुर रामपुर स्थित निर्माणाधीन मकान से पुलिस को तंत्र-मंत्र और वास्तु शास्त्र से संबंधित किताबें मिलीं। किताबों में यही था कि दरवाजे की चौड़ाई-ऊंचाई कितनी रहे तो आर्थिक प्रगति बरकरार रहती है। क्या उपाय करने से धन-संपदा की देवी लक्ष्मी प्रसन्न रहती हैं। उसके कमरे से एक ट्वॉय पिस्टल भी पुलिस को मिली है। राजेंद्र के बारे में पुलिस को पता लगा कि वह किसी से खास सरोकार नहीं रखता था। सिर्फ अपने आप से मतलब रखता था।
लीला की तैयारियों में जुटी पुलिस भागते हुए पहुंची
कमिश्नरेट की पुलिस मंगलवार की सुबह से ही गंगा किनारे तुलसी घाट पर होने वाली नागनथैया की लीला की सुरक्षा और यातायात व्यवस्था संबंधी तैयारियों में जुटी थी। इसी बीच चंद कदम की दूरी पर भदैनी में एक मकान में एक ही परिवार के लोगों की हत्या की सूचना मिली। इससे पुलिसकर्मी सकते में आ गए। पुलिस कर्मी दौड़ते-भागते हुए घटनास्थल पर पहुंचे। देखते ही देखते ही मौके पर लोगों की भीड़ जुट गई।
2 एंबुलेंस-2 मैजिक से पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे शव: राजेंद्र, उसकी पत्नी नीतू और तीनों बच्चों के शव दो एंबुलेंस और दो मैजिक से लेकर भेलूपुर और रोहनिया थाने के पुलिस कर्मी शिवपुर स्थित पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे। पांचों लोगों का शव पुलिस कर्मियों ने पोस्टमार्टम हाउस में रखवाया। इस बीच राजेंद्र का कोई भी रिश्तेदार या करीबी पोस्टमार्टम हाउस पर नजर नहीं आया।
शासन ने लिया संज्ञान, जानकारी दी गई : एक परिवार के पांच सदस्यों की हत्या के मामले का संज्ञान शासन ने लिया है। प्रमुख सचिव गृह और डीजीपी के स्तर से पूरे मामले की जानकारी मांगी गई। साथ ही पूरे मामले की रिपोर्ट शासन को भेजी गई।