महामंत्री ने कहा कि उत्तराखंड में आज जो कुछ हो रहा है, वह सरकार की हठधर्मिता और लापरवाही का परिणाम है। चमोली जिले के रैणी गांव के लोग लंबे समय से कानूनी लड़ाई लड़ रहे हैं, लेकिन बांध कंपनी नंदा देवी बायोस्फीयर रिजर्व के संवेदनशील क्षेत्र के भीतर लगातार विस्फोटक का इस्तेमाल कर रही थी। आज की आपदा उसी का परिणाम है।
हिमस्खलन के टूटने से ऋषि गंगा पावर प्रोजेक्ट को भारी नुकसान हुआ है, लेकिन मालिक और नेता सब सुरक्षित हैं। नुकसान का जायजा लेने के लिए हेलीकॉप्टर में उड़ रहे हैं। मरे हैं मजदूर। सैंकड़ों की संख्या में मजदूरों के बह जाने की सूचना है और राहतकार्य जारी है। सुरंग में फंसे कुछ लोगों को बचा भी लिया गया है। भगवान सबकी रक्षा करें और नेताओं को सद्बुद्धि दें।