बेटा, पता रहत त कर्जा लेके तोहे पैसा देईत...
मनोज केसरी को जब मल्लाहों ने गंगा से बाहर निकाला तो दहाड़े मारकर रोने लगे। कह कहते हुए अचेत हो गए कि बेटा, पता रहत कि अइसन कदम उठा लेबे त कर्जा लेके तोहके पैसा दे देईत....काहे कूद गइले, अब कइसे जीवन कटी...। मनोज केसरी को दो पुत्र अश्वनी और ध्रुव और एक बेटी है।