सीबीआई अधिकारी ने बताया कि यह अंतरराष्ट्रीय सहयोग अपराधियों की पहचान करने और गिरोह के बारे में पता लगाने में महत्वपूर्ण साबित हुआ। इसके चलते देश में सफल कार्रवाई को अंजाम दिया गया। ठिकानों की पहचान हो जाने के बाद सीबीआई की टीमों ने बुधवार को दिल्ली, हरियाणा और यूपी में वाराणसी समेत 19 स्थानों पर एक साथ कार्रवाई की।
तीन साल से चला रहे थे कॉल सेंटर : रथयात्रा-महमूरगंज स्थित एक ऑटो मोबाइल शोरूम के ठीक सामने वाली गली में आदर्श मंगलम अपार्टमेंट के चौथी मंजिल पर कॉल सेंटर चल रहा था। पिछले तीन साल से यह कॉल सेंटर फलफूल रहा था। सुबह 5 बजे नवयुवकों का समूह फ्लैट में पहुंचता था और रात 11 बजे फ्लैट से नीचे उतरता देखा जाता था। फ्लैट में कड़ी सुरक्षा के तहत दो निजी सुरक्षा गार्ड भी बैठाए गए थे।
आरोपी शुभम जायसवाल, आदर्श और विवेक राज की बिना अनुमति के किसी को फ्लैट में इंट्री नहीं मिलती थी। बुधवार की शाम जब सीबीआई ने छापा मारा तो अपार्टमेंट के लोग कुछ नहीं समझ पाए। उसी अपार्टमेंट के अन्य फ्लैट में कुछ बाहरी युवकों को ठहराया भी गया था।
सिगरा थाना क्षेत्र के महमूरगंज स्थित फ्लैट में युवकों की आवाजाही पर अपार्टमेंट के आसपास के लोगों को शक था, लेकिन पुख्ता सबूत नहीं होने पर वह मौन साधे हुए थे। गुरुवार को अपार्टमेंट अंदर से बंद था और सिक्योरिटी गार्ड ने कहा कि मालिक ने ताला बंद किया है। कार्रवाई के बाद फ्लैट देखने के लिए मोहल्ले के लोगों की सुबह से शाम तक भीड़ रही।
वैध ग्राहक सेवा केंद्रों की आड़ में चलाते थे ठगी के कॉल सेंटर
सीबीआई अधिकारी ने बताया कि ठगी गिरोह वैध ग्राहक सेवा केंद्रों के रूप में दिखने वाले कॉल सेंटर चला रहे थे। इनके माध्यम से पीड़ितों को यह विश्वास दिलाया जाता था कि उनके इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के साथ छेड़छाड़ की गई है। इस बहाने पीड़ितों को धनराशि स्थानांतरित करने के लिए मजबूर किया जाता था।