वाराणसी। पहड़िया रमरेपुर इलाके में सीवर की समस्या से जनता जूझ रही है। यह सीवर पास के पोखरे में जा रहा है। स्थानीय नागरिकों और पार्षद ने नगर निगम के अधिकारियों से शिकायत की थी। बावजूद इसके अब तक जिम्मेदार अधिकारियों के कान पर जूं नहीं रेंग रही।
लगातार गंदगी के खिलाफ शहर में स्वच्छता अभियान चलाया जा रहा है। काशी को स्मार्ट सिटी बनाने के लिए युद्घ स्तर पर तेजी से प्रयास भी किये जा रहे हैं। इसके बावजूद राहत नहीं मिल रही है। सालों से बदहाल पड़े रमरेपुर की स्थिति आज भी जस की तस बनी हुई है। सीवर के निस्तारण के लिए एक पंप लगाया गया है जो पोखरे को पानी को सीवर की मेन लाइन से जोड़ता है। जो नाकाफी साबित हो रहा है।
सालों से दुश्वारियां झेल रहे हैं, गंदे पानी से होकर गुजरना पड़ता है। क्षेत्र में महामारी का संकट बना हुआ है। कभी कोई अधिकारी झांकने तक नहीं आया। - मनोज गुप्ता
पूरे इलाके में कहीं भी मेन सीवर का कनेक्शन नहीं है, इलाके के सभी घरों का गंदा पानी इसी पोखरे में जाता है। पंप एक दिन न चले तो घर से निकलना दूभर हो जाता है।- रामनाथ चौहान
गंदगी और दुर्गंध घर के अंदर तक आती है। बीमारी का भी खतरा बना हुआ है। इंट और पत्थर के सहारे रास्ते से गुजरना होता है।- सुनीता चौहान
हमने पोखरे के कायाकल्प और सीवर लाइन की व्यवस्था को लेकर नगर आयुक्त को पत्र लिखा है। फिलहाल पोखरे का गंदा पानी निकालने और उसे मेन सीवर लाइन से जोड़ने के लिए मोटर पंप लगाया गया है। इसमें नागरिकों का भी सहयोग जरूरी है। जिससे इस समस्या का जल्द से जल्द समाधान हो सके।- संदीप श्रीवास्तव, पार्षद
सीवर समस्या के समाधान के लिए जलकल को पत्र भेजा गया है। उन्होंने निरीक्षण किया है। शाही नाले का काम पूरा होने के बाद समाधान हो जाएगा, रामसकल यादव, नगर स्वास्थ्य अधिकारी