वाराणसी में काशी विश्वनाथ मंदिर की सुरक्षा बढ़ाए जाने का प्रस्ताव शासन को भेजा गया है। एडीजी सुरक्षा बहुत जल्द इस पर बैठक भी करेंगे। PIDS (परिधि घुसपैठ जांच प्रणाली) सिस्टम की तरह सुरक्षा किए जाने का प्रस्ताव है। निगरानी के लिए 20 टावर वॉच भी लगवाए जाने की योजना है। मंदिर परिसर का ओर जाने वाले वाहनों की ऑटोमेटिक स्कैनिंग भी होगी।
बताया जा रहा है कि सावन माह को लेकर काशी विश्वनाथ मंदिर में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई जाएगी। इसको लेकर पहले से ही जिला प्रशासन तैयारियां भी कर रहा है। सुरक्षा की बारिकियों पर एडीजी सुरक्षा जिले के अधिकारियों से विमर्श भी करेंगे। साथ ही दिशा-निर्देश देंगे।
सरकार काशी, मथुरा, अयोध्या की सुरक्षा व्यवस्था को और पुख्ता करने जा रही है। जल्द ही मंडलायुक्त, पुलिस आयुक्त और डीएम समेत अन्य अधिकारी सुरक्षा की समीक्षा रिपोर्ट तैयार करके शासन के पास भेजेंगे। इसी सिलसिले में एडीजी लॉ एंड ऑर्डर काशी आएंगे। साथ ही अफसरों के साथ बैठक करके सुरक्षा व्यवस्था को पुख्ता बनाएंगे। यह काम सावन से पहले पूरा होना है।
एडीजी लॉ एंड ऑर्डर के साथ अगले सप्ताह होने वाली बैठक से पहले स्थानीय अफसर रिपोर्ट तैयार करेंगे। इसमें श्रद्धालुओं की संख्या, काशी विश्वनाथ के सभी गेट पर वर्तमान सुरक्षा व्यवस्था और मंदिर से जुड़े दुकानदारों की जानकारी शामिल की जाएगी। मंदिर के आसपास की दुकानों पर काम कर रहे कर्मियों की जानकारी भी शासन को भेजी जाएगी।
मंदिर के मार्गों की निगरानी बढ़ाने के लिए सीसी कैमरों की संख्या बढ़ाए जाने पर भी विचार किया जाएगा। एक्स-रे बैगेज स्कैनर की संख्या बढ़ाई जा सकती है। सुरक्षा बलों से भी सुझाव मांगे गए हैं। सुरक्षा से जुड़े सूत्रों ने बताया कि मंदिर के संबंध में गठित हाई पावर सुरक्षा समिति भी अपनी रिपोर्ट देगी। सुरक्षा में तैनात कर्मियों और श्रद्धालुओं की बढ़ी संख्या का आकलन किया जाएगा।