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संकट मोचन संगीत समारोह : हनुमत दरबार में 11 पद्म अवार्डी, 16 कलासाधक पहली बार करेंगे शिरकत

Fri, 11 Apr 2025 04:53 PM IST
प्रगति चंद अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।

सार

संकट मोचन संगीत समारोह के 102वें संस्करण का शुभारंभ बांसुरीवादक पं. हरिप्रसाद चौरसिया करेंगे। हनुमत दरबार में 16 अप्रैल से गायन, वादन और नृत्य की त्रिवेणी बहेगी। 
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हनुमत दरबार में 11 पद्म अवार्डी, 16 कलासाधक पहली बार करेंगे शिरकत - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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संकट मोचन संगीत समारोह के 102वें संस्करण की शुरुआत 16 अप्रैल से हो रही है। छह दिवसीय संगीत समारोह की पहली निशा की शुरुआत पंडित हरिप्रसाद चौरसिया के बांसुरी वादन से होगी। इसके अलावा पं. विश्वमोहन भट्ट, डॉ. येल्ला वेंकटेश्वर, यू राजेश, पं. शिवमणि, डागर बंधु समेत कई दिग्गज कलाकार शिरकत कर रहे हैं। इस बार समारोह में 11 पद्म अवार्डी और 16 कलाकार पहली बार संकट मोचन के आंगन में संगीतांजलि अर्पित करेंगे। ये जानकारी संकट मोचन मंदिर के महंत प्रो. विश्वंभर नाथ मिश्र ने पत्रकारों को दी।

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उन्होंने बताया कि 10 दिन चलने वाले हनुमत जयंती कार्यक्रम की शुरुआत चैत्र शुक्ल पूर्णिमा 12 अप्रैल को संकट मोचन मंदिर प्रांगण में हनुमानजी के विशेष शृंगार, झांकी, आरती और पूजन से होगी। शनिवार को सुबह शहनाई वादन, रुद्राभिषेक, श्रीरामचरित मानस का पाठ, श्रीसीताराम संकीर्तन, श्रीवाल्मिकी रामायण का सुंदरकांड पाठ होगा। शाम पांच बजे रामकृष्ण मिशन के कीर्तन मंडलियों का संकीर्तन। 

रात में श्रीरामचरित मानस का अखंड पाठ होगा। 13 से 15 अप्रैल तक सार्वभौम रामायण सम्मेलन होगा। इसमें काशी और देश के अनेक सुप्रसिद्ध मानस वक्ताओं की कथा शाम 5 बजे से रात 10 बजे तक होगी। इसमें पं. उमाशंकर शर्मा (बरेली), पं. किशन उपाध्याय (किशनगंज), डा. चंद्रकांत चतुर्वेदी एवं प्रो. नलिन श्याम कामिल भाग लेंगे।

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संगीत समारोह में ये कलाकार आएंगे

16 अप्रैल : पं. हरिप्रसाद चौरसिया (बांसुरी), जननी मुरली (भरतनाट्यम), पंं. राहुल शर्मा (संतूर), डाॅ. येल्ला वेंकटेश्वर राव (मृदंगम), पं. प्रवीण गोडखिंडी (बांसुरी), पं. अजय पोहनकर (गायन), पं. विकास महाराज, विभाष महाराज (सरोद-सितार), रोहित पवार (कथक)
17 अप्रैल : लावण्या शंकर (भरतनाट्यम), डॉ. राजेश शाह (सितार), पं. अजय चक्रवर्ती (गायन), विवेक पांड्या (तबला), पं. पूर्वायन चटर्जी (सितार), सोहिनी राय चौधरी (गायन), मंजूनाथ माधवप्पा व नागराज माधवप्पा (वायलिन), पं. नीरज पारिख (गायन)
18 अपैल : यू राजेश (मैंडोलिन) पं. शिवमणि (ड्रम), सौरव-गौरव मिश्रा (कथक), ओंकार हवलदार (गायन), पं. विश्वमोहन भट्ट व सलील भट्ट (मोहन वीणा-सात्विक वीणा), दीपिका वरदराजन (गायन), पं. राजेंद्र सेजवार (गायन), पं. अभय रुस्तम सोपोरी (संतूर), पं. हरिश तिवारी (गायन)
19 अप्रैल : वी. अनुराधा सिंह (कथक), पं. साहित्य कुमार नाहर-पं. संतोष नाहर (सितार-वायलिन) उस्ताद वसीफुद्दीन डागर (ध्रुपद), पं. जयदीप घोष (सरोद), पं. रामशंकर व स्नेहा शंकर (गायन), प्रभाकर-दिवाकर कश्यप (गायन), विदुषी कंकना बनर्जी (गायन)
20 अप्रैल : नयनिका घोष (कथक), अभिषेक लाहिड़ी (सरोद), अरमान खां (गायन), पं. तरुण भट्टाचार्य (संतूर), पं. जयतीर्थ मेउन्डी (गायन), शहाना बनर्जी (सितार), पं. संजू सहाय (तबला)
21 अप्रैल : पं. रतिकांत महापात्र (ओडिसी), पं. उल्हास कसालकर (गायन), उस्ताद मेहताब अली नियाजी (सितार), पं. अनूप जलोटा (गायन), पं. सुरेश गंधर्व (गायन), पं. रोनू मजूमदार-ऋषिकेश मजूमदार (बांसुरी), पं. साजन मिश्र-स्वरांश मिश्र (गायन)
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