भ्रष्टाचार के आरोप में जिला जेल में बंद चंदौली के निलंबित एआरटीओ आरएस यादव की वाराणसी ही नहीं बल्कि गोरखपुर और दिल्ली में भी करोड़ों रुपये की संपत्ति बनाई है। गोरखपुर जिले के विभिन्न इलाकों में यादव ने अपनी पत्नी, माता और पिता के नाम से 10 रजिस्ट्री कराई गई है।
इसमें ज्यादातर संपत्ति पत्नी गंगोत्री के नाम से कराई गई है। 10 रजिस्ट्री में जमीन, कांपलेक्स समेत अन्य संपत्तियां शामिल हैं। आरएस की संपत्ति से जुड़े मामलों की जांच कर रही विजिलेंस और प्रवर्तन निदेशालय को गोरखपुर की इन संपत्तियों की जानकारी हो गई है।
एसपी विजिलेंस शिव शंकर सिंह इस बारे में डीएम गोरखपुर से रिपोर्ट मांगी है। वहीं दिल्ली के पॉश कालोनी में दो फ्लैट का भी पता चला है। जल्द ही एक टीम दिल्ली भी जाएगी। वहीं इससे पूर्व वाराणसी में भी आरएस के होटल समेत करोड़ों की संपत्ति का पता चल चुका है।
गोरखपुर में हुईं रजिस्ट्री एक नजर में
एआरटीओ आरएस यादव
- फोटो : SELF
गोरखपुर में हुईं रजिस्ट्री एक नजर में
- पत्नी गंगोत्री देवी के नाम से 22 फरवरी, 2012 को मौजा तिवरान में 30 डिसमिल जमीन खरीदी।
- पत्नी के नाम से 10 दिसंबर, 2015 को दोबारा 0.0142 हेक्टेयर, तीसरी बार 26 मार्च, 2016 को 0.0202 हेक्टेयर और 0.0177 हेक्टेयर जमीन का बैनामा कराया गया।
- गंगोत्री देवी के नाम से ही 20 मई, 2016 को मौजा चौरी में 20 डिसमिल और 12 सितंबर, 2016 को इसी मौजे में 0.015 हेक्टेयर भूमि क्रय की गई।
- माता सुंदरी देवी के नाम से 28 जुलाई, 2008 को मौजा तिवरान में 18 डिसमिल और 24 अप्रैल, 2009 को मौजा हासपाटी औरंगाबाद में 0.314 हेक्टेयर जमीन की रजिस्ट्री कराई।
- पिता फ ौजदार यादव के नाम से मौजा पटेड़ में 20 दिसंबर 2005 को 0.380 हेक्टेयर जमीन बैनामा कराई गई।
- गोरखपुर में पं. हरिहर प्रसाद दूबे मार्ग पर बेतिया हाता में पिता फ ौजदार यादव के नाम से व्यावसायिक कांपलेक्स बनवाया।