प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और फ्रांस के राष्ट्रपति एमेनुअल मैक्रों के काशी प्रवास के दौरान सामने घाट से राजघाट तक रूफ टॉप फोर्स तैनात रहेगी। दोनों ही वीवीआईपी एसपीजी के अलावा एनएसजी के कमांडो, एंटी टेररिस्ट स्क्वॉड और केंद्रीय खुफिया एजेंसियों के सुरक्षा घेरे में रहेंगे।
पीएम मोदी और फ्रांस के राष्ट्रपति 12 मार्च को वाराणसी आएंगे। दोनों के लिए पुलिस, पीएसी और सेंट्रल पैरामिलिट्री फोर्स का बाह्य सुरक्षा घेरा होगा। वहीं, गंगा में जल पुलिस, पीएसी बाढ़ राहत दल और एनडीआरएफ के जवान तैनात रहेंगे। सामने घाट से राजघाट तक गंगा उस पार और मालवीय पुल व सामने घाट पुल पर भी फोर्स तैनात रहेगी।
दोनों वीवीआईपी के आगमन के मद्देनजर गंगा घाटों पर केंद्रीय खुफिया इकाइयों के जवानों ने नजर रखने का काम शुरू कर दिया है। साथ ही, लोकल इंटेलिजेंस यूनिट को अस्सी से दशाश्वमेध घाट के बीच रहने वालों के वेरिफिकेशन करने के लिए कहा गया है।
इसके अलावा सभी कार्यक्रम स्थल सीसीटीवी कैमरे की जद में रहेंगे और पुलिस के जवान वीडियो रिकॉर्डर कैमरे के साथ ड्यूटी पर तैनात रहेंगे। इस संबंध में एसएसपी राम कृष्ण भारद्वाज ने बताया कि सुरक्षा व्यवस्था की कार्ययोजना तैयार कर ली गई है।
कार्यक्रम स्थलों के संबंध में अंतिम निर्णय होते ही पुलिस, पीएसी और सीपीएमएफ की आवश्यकता के संबंध में उच्चाधिकारियों से मांग की जाएगी।