एनजीटी के आदेश पर नगर निगम ने अस्सी नदी पर कब्जा करने वाले पांच निर्माण पर लाल निशान लगाया। सोमवार को कौशलेश नगर काॅलोनी, गांधीनगर, नरिया और सुंदरपुर क्षेत्र में सर्वे किया गया। इस दौरान अपर नगर आयुक्त ने दी चेतावनी दी कि खुद अतिक्रमण तोड़ लें, नहीं इसे ध्वस्त करने का खर्चा वसूला जाएगा।
गांधीनगर नरिया स्थित एक इंटर कॉलेज के प्रबंधक और प्रधानाचार्य को बुलाकर बताया गया कि विद्यालय नाले के ऊपर बना है। जो अवैध है इसे स्वयं तोड़ लें। यदि नहीं तोडेंगे तो निगम तोड़ेगा। इस पर विद्यालय की ओर से एक सप्ताह का समय मांगा गया।
अपर नगर आयुक्त राजीव कुमार राय की अगुवाई में लाल निशान लगाया गया। उन्होंने बताया कि अभी अस्सी नदी के दोनों तरफ निशान लगाया जा रहा है। कब्जा करने वालों को खुद से अपना अतिक्रमण तोड़ने का मौका दिया जा रहा है। जो अपना अतिक्रमण नहीं तोड़ेंगे, उनका अतिक्रमण नगर निगम तोड़ेगा और इस पर आने वाला खर्च भी उनसे वसूलेगा।
राजस्व रिकाॅर्ड के अनुसार नदी की लंबाई और चौड़ाई के अनुसार निशान लगाया जा रहा है। अस्सी नदी कंदवा इलाके से निकलकर चितईपुर, करौंदी, करमाजीतपुर, नेवादा, सरायनंदन, नरिया, साकेत नगर, नगवां होते हुए अस्सी घाट से गंगा में मिलती है। इसे नाले में तब्दील कर दिया गया था। अब नए सिरे से इसके पुनरुद्धार की योजना बनाई गई है।