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वाराणसी निकाय चुनावः समाजवादी पार्टी के चुनाव अभियान की कमान इस नेता के हवाले

Mon, 13 Nov 2017 04:40 PM IST
ब्यूरो,अमर उजाला,वाराणसी
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समाजवादी पार्टी - फोटो : अमर उजाला
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जिले में निकाय चुनाव का रण जीतने के लिए सपा पूरी ताकत झोंकने की तैयारी में है। यहां चुनाव अभियान की कमान खुद नेता प्रतिपक्ष रामगोविंद चौधरी संभालेंगे। नगर निगम के अलावा नगर पालिका रामनगर और नगर पंचायत गंगापुर का चुनाव भी चौधरी ही देखेंगे।
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इस बीच सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष तथा पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव 22 नवंबर को साहित्यकार स्वर्गीय मनु शर्मा की त्रयोदशा में शामिल होने वाराणसी आएंगे। वह सपा की मेयर प्रत्याशी साधना गुप्ता के समर्थन में जनसभा भी कर सकते हैं।

सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने चौधरी की निगरानी में चुनाव संचालन के लिए तीन अन्य प्रभारी भी नामित किए हैं। इनमें पूर्व सांसद रामकिशुन यादव, पूर्व मंत्री सुरेंद्र सिंह पटेल और प्रदेश सचिव डॉ. केपी यादव शामिल हैं।
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पार्टी सूत्रों के मुताबिक चौधरी सीधे तौर पर चुनाव अभियान पर नजर रखने के साथ-साथ पार्टी अध्यक्ष को फीडबैक देंगे। सपा जिलाध्यक्ष डॉ. पीयूष यादव और महानगर अध्यक्ष राजकुमार जायसवाल ने बताया कि चुनाव प्रभारियों की तैनाती के बारे में प्रदेश अध्यक्ष नरेश उत्तम पटेल का निर्देश उन्हें प्राप्त हो गया है।

रामकिशुन यादव नगर पालिका परिषद, रामनगर और सुरेंद्र सिंह पटेल नगर पंचायत गंगापुर की जिम्मेदारी संभालेंगे। वहीं, जिले की चुनाव संचालन समिति ने वार्ड वार नेताओं की जिम्मेदारी तय कर दी है। महापौर चुनाव में वैश्य और मुस्लिम समुदाय के मतदाताओं पर पार्टी की विशेष नजर है। यहां करीब दो लाख मुस्लिम वोटर और तीन से लाख से ज्यादा वैश्य वोटर हैं। 
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प्रत्याशी और संगठन में तालमेल की कमी

सपा की मेयर प्रत्याशी साधना गुप्ता - फोटो : File Photo
महापौर पद का चुनाव लड़ रहीं पार्टी के प्रदेश सचिव संजय गुप्ता की पत्नी साधना गुप्ता एवं जिला-महानगर इकाई के बीच तालमेल नहीं बन पा रहा है। रविवार को पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव और सलेमपुर के पूर्व सांसद रमाशंकर राजभर शहर में आए थे लेकिन पार्टी के पदाधिकारी अनजान थे।

उनके आने और प्रेस कांफ्रेंस के बारे में पार्टी की ओर से मीडिया को सूचना नहीं दी गई। इसके लिए संगठन और प्रत्याशी एक-दूसरे पर जिम्मेदारी डालते रहे। नामांकन के दिन से ही पार्टी में ऐसी तकरार जब-तब दिख रही है।

पार्टी के नेता और कार्यकर्ता समन्वय की कमी के कारण चुनाव प्रचार को गति नहीं दे पा रहे हैं। संगठन से जुड़े नेताओं का आरोप है कि प्रदेश के स्तर पर तो जिम्मेदारियां बांटी जा रही हैं पर स्थानीय स्तर पर सबकुछ चंद लोगों की मनमर्जी से चल रहा है।

बडे़ नेता भी इससे दो-चार हो रहे हैं। बहरहाल, राजभर ने कहा कि शहर में सपा सरकार की ओर से शुरू किए विकास कार्य अब तक चल रहे हैं और अगले दो साल तक चलेंगे। भाजपा सरकार का कोई काम अब तक नहीं दिखा है। 
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