जिन कर्मचारियों का अवकाश समाप्त हो जाता है और एलडब्ल्यूपी की स्थिति में होते हैं, उन कर्मचारियों को पहले 10000 प्रत्येक माह दिया जाता था अब उसे बढ़ाकर 30000 कराया गया है। शिक्षण शुल्क तकनीकी शिक्षा में जिन आश्रित पुत्र एवं पुत्री को पहले 18000 मिलता था, उसे बढ़ाकर 30000 तक किया गया है।
मंडल मंत्री बीके सिहं एवं मंडल अध्यक्ष एनबी सिंह ने बताया कि यह एजेंडा एनई रेलवे मजदूर यूनियन द्वारा प्रेषित किया गया था, जिसे समिति ने सर्वसम्मति से स्वीकार कर लिया है। साथ ही यह भी तय हुआ है जिन कर्मचारियों का पिछले वर्ष कोविड-19 से मृत हुआ हो उनके परिजन अपना आवेदन केंद्रीय कल्याण समिति में प्रस्तुत करेंगे और तत्पश्चात कमेटी इस पर निर्णय लेगी। इस पहल से रेलकर्मियों को राहत होगी।