जौनपुर के पूर्वांचल विश्वविद्यालय में छात्रा से हुई छेड़खानी की घटना के बाद कुलपति ने बड़ा बयान दिया है। वहीं छात्रों ने दूसरे दिन भी घटना के विरोध में हंगामा किया।
वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय में छात्राएं नकाब पहनकर कक्षाओं में बैठेंगी। उन्हें केवल सिर से पर्दा हटाना होगा। कुलपति प्रो. राजाराम यादव ने कहा कि छात्राओं को कक्षा में नकाब उतारने की जरूरत नहीं है।
वहीं आईबीएम भवन के छात्र-छात्राओं का समूह शनिवार सुबह करीब 10 बजे विश्वविद्यालय प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते बाहर निकला और इंजीनियरिंग, फार्मेसी समेत सभी संकाय में जाकर कक्षाएं बंद करा दी।
विभिन्न संकायों के करीब तीन सौ से अधिक छात्र विश्वविद्यालय मुख्य द्वार पहुंचे और गेट में ताला लगा दिया। परिसर में पहले से मौजूद सरायख्वाजा थाने की जीप अंदर फंस गई। छात्रों के विरोध के आगे पुलिसकर्मी चुप रहे।
छात्रों का रुख भांपकर सरायख्वाजा थाने के अलावा बक्शा और खेतासराय थाने की पुलिस तथा पीएसी भी बुला ली गई। पुलिसकर्मी विश्वविद्यालय के बाहर रहे।
कुलपति कार्यालय पर धरना दे रहे छात्र-छात्राओं ने वार्ता के बाद कुलपति ने परिसर में जरूरत के सभी स्थानों पर सीसीटीवी कैमरे लगाने, सुरक्षा कर्मियों की संख्या बढ़ाने के आदेश दिए। उन्होंने कहा सुरक्षा के लिहाज से सभी संकायों के मुख्य द्वार पर दो-दो सुरक्षा गार्ड तैनात किए जाएंगे।
सुरक्षा गार्ड के पास बाकायदा रजिस्टर होगा। जब कोई बाहरी व्यक्ति किसी से मिलना चाहेगा तो उसका नाम, पता, मोबाइल नंबर और वह किससे मिलना चाहता है आदि रजिस्टर में दर्ज करने के बाद ही उसे प्रवेश दिया जाएगा।
इसके अलावा जो कैमरे खराब हैं, उनको तत्काल ठीक कराने को कहा। कुलपति ने छात्रों से बात की और सुरक्षा संबंधी उनकी सभी मांगे स्वीकार कर लीं। डेढ़ घंटे तक चली वार्ता के बाद छात्रों ने धरना समाप्त कर दिया।