चंद्रकांता तत्कालीन मिर्जापुर (अब सोनभद्र) के विजयगढ़ के महाराजा जय सिंह और रानी रत्नगर्भा की एकलौती पुत्री थी। जबकि राजकुमार विरेंद्र सिंह तत्कालीन वाराणसी जनपद (अब चन्दौली) के नौगढ़ राज्य के अधिपति सुरेंद्र सिंह के पुत्र थे। बचपन से ही चंद्रकांता और विरेंद्र सिंह के बीच प्रेम की कोपलें फूटी थी। जो समय बीतने के साथ-साथ परवान चढ़ती गई लेकिन दोनों के प्रेम कहानी के बीच तमाम तरह के अवरोध थे।