वाराणसी दौरे पर 26 मार्च को आ रहे राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद यहां के लोगों को सौगात देंगे। राष्ट्रपति करीब 26 सौ करोड़ रुपये की परियोजनाओं का शिलान्यास करेंगे। इसके अलावा सुबह-ए-वाराणसी के तहत स्मार्ट साइकिल योजना, शहर के पार्कों और चौराहों के सौंदर्यीकरण को भी हरी झंडी देंगे।
राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद वाराणसी के विकास में एक और पत्थर जोड़ने जा रहे हैं। राष्ट्रपति वाराणसी हनुमना खंड की करीब 125 किलोमीटर लंबी राष्ट्रीय राजमार्ग फोरलेन को चौड़ीकरण करने की परियोजना की आधारशिला रखेंगे।
भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण इस योजना पर 2510 करोड़ रुपये खर्च करेगा। इसमें वाराणसी से चुनार, लालगंज होते हुए मध्य प्रदेश की सीमा तक चौड़ीकरण का कार्य होगा। राष्ट्रपति इस परियोजना के पहले चरण की आधारशिला रखेंगे। इसमें वाराणसी से डगमगपुर तक चौड़ीकरण किया जाएगा।
इस परियोजना में जमीन का अधिग्रहण भी किया जाएगा। वाराणसी की महत्वाकांक्षी परियोजना रिंग रोड-2 का भी राष्ट्रपति शिलान्यास करेंगे। यह परियोजना 125 करोड़ रुपये की है।
इसी दौरान शहर छह करोड़ की लागत से तैयार होने वाले चार पार्क और 20 करोड़ रुपये से होने वाले आठ चौराहों के सौंदर्यीकरण को भी हरी झंडी दिखाएंगे। नगर निगम की महत्वपूर्ण स्मार्ट साइकिल योजना भी राष्ट्रपति वाराणसी को समर्पित करेेंगे। यह योजना अब तक पुणे में संचालित हो रही है।
इसमें एक रुपये के सिक्के के जरिए स्मार्ट साइकिल निर्धारित समय के लिए पर्यटकों को मिलेगी। राष्ट्रपति की तैयारियों को लेकर शनिवार को प्रशासन और पुलिस के अधिकारियों ने देर रात तक समीक्षा बैठक की। राष्ट्रपति के दौरे में रूट निर्धारण को लेकर भी मंथन किया गया गया।
मंडलायुक्त दीपक अग्रवाल ने बताया कि राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद के आगमन और दौरे को लेकर सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। राष्ट्रपति करीब पांच घंटे तक शहर में रहेंगे और इस दौरान वे कई कार्यक्रमों में शामिल होंगे।