बरेका में 10 साल में कुल 800 रेल इंजन बनाए जाएंगे। सत्र 2023-24 में पांच इंजन बनाए जाएंगे। इसके बाद 35 फिर 60 इंजन बनाए जाएंगे। उसके बाद प्रतिवर्ष 100 इंजन बनेगा। जिस कंपनी को निर्माण कार्य का आवंटन होगा उससे 10 साल तक ही सहयोग लिया जाएगा। उसकी तकनीकी पर दस साल तक ही काम होगा। उसके बाद यहां के कर्मचारी उसी तकनीकी पर खुद काम करेंगे।