सर्किट हाउस में बैठक के दौरान मौजूद अधिकारी।
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ग्राम प्रधानों ने सर्किट हाउस में पंचायती राज मंत्री भूपेंद्र सिंह चौधरी से मुलाकात कर उन्हें समस्याएं बताईं। ग्राम प्रधान संघ के जिलाध्यक्ष राकेश कुमार सिंह ने बताया कि गांवों के विकास के लिए मिलेे धन से पंचायत भवनों और स्कूलों के बिजली का बिल जमा करने का दबाव बनाया जाता है। इससे गांव का विकास प्रभावित होता है। मंत्री ने प्रधानों को आश्वस्त किया कि वे विकास के लिए मिले धन से गांव की बुनियादी सुविधाएं बढ़ाएं। प्रधानों ने 18 सूत्री ज्ञापन सौंपा। मंत्री ने उनकी समस्याओं पर विचार करने का आश्वासन दिया।
वहीं लोहता के सुरहीं गांव स्थित ग्राम सचिवालय में पंचायतीराज मंत्री भूपेंद्र सिंह चौधरी ने विकास कार्यों की समीक्षा की। इस दौरान अवध नारायण ने सामुदायिक उत्सव भवन को ग्राम सचिवालय बनाने पर आपत्ति जताई। इस पर मंत्री ने ग्राम सचिवालय के लिए ग्राम पंचायत से जमीन तलाशने की बात कही। परिसर से गुजरे बिजली के तार को हटवाने का भरोसा दिया। इस दौरान विधायक रोहनिया सुरेंद्र नारायण सिंह, उप निदेशक पंचायती राज एके सिंह, जिला पंचायतराज अधिकारी राघवेंद्र कुमार द्विवेदी आदि मौजूद रहे।