जौनपुर के केराकत में आयोजित प्रतियोगिता में जौनपुर और गाजीपुर ने ओवरएज खिलाड़ियों को टीम में शामिल किया गया। जानकारी मिलने पर मंडलीय सचिव ने दोनों जनपदों की टीमों के कोच व मैनेजर से जिला विद्यालय निरीक्षण द्वारा प्रमाणित प्रमाण पत्र मांगे। जिसे प्रतिनिधि नहीं दिखा सके
माध्यमिक विद्यालयीय मंडलीय बालक-बालिका फुटबॉल प्रतियोगिता में खिलाड़ियों की पात्रता प्रमाणपत्र में गड़बड़ी का मामला संज्ञान में आया है। शुक्रवार को मंडलीय सचिव गोपाल प्रसाद ने इन प्रमाणपत्रों को कब्जे में लिया। बताया कि प्रमाणपत्रों को अधिकारियों को सौंप कर कार्रवाई की संस्तुति करेंगे। आयोजन से गाजीपुर और जौनपुर की टीम को अयोग्य करार दिया गया है।
विज्ञापन
मंडलीय सचिव ने बताया कि केराकत में आयोजित प्रतियोगिता में जौनपुर और गाजीपुर ने ओवरएज खिलाड़ियों को टीम में शामिल किया। अधिकारियों के हस्ताक्षर और जन्म प्रमाणपत्रों के बिना टीम को शामिल करने पर जौनपुर और गाजीपुर की टीम को डिबार कर दिया है। केराकत में वाराणसी, जौनपुर, गाजीपुर चंदौली की टीम प्रतिभाग कर रही थी।
मैच के लिए दबाव बनाते रहे दोनों जिलों के कोच
गाजीपुर और जौनपुर की टीम के चयन में अनियमितता बरती गई थी। जानकारी मिलने पर मंडलीय सचिव गोपाल प्रसाद ने दोनों जनपदों की टीमों के कोच व मैनेजर से जिला विद्यालय निरीक्षण द्वारा प्रमाणित प्रमाण पत्र मांगे। जिसे प्रतिनिधि नहीं दिखा सके और आयोजन के लिए दबाव बनाते रहे।