नेताजी सुभाष चंद्र बोस की प्रपौत्री राजश्री चौधरी
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नेताजी सुभाष चंद्र बोस की प्रपौत्री और अखिल भारत हिंदू महासभा की अध्यक्ष राजश्री चौधरी मंगलवार को काशी पहुंचीं। यहां संकट मोचन मंदिर में दर्शन पूजन करने के बाद प्रेस कांफ्रेंस में कहा कि भारत को कामनवेल्थ ऑफ नेशन की सदस्यता खत्म करने की जरूरत है। ऐसा होने के बाद ही पूर्ण रुप से आजादी मानी जाएगी।
इसके बाद उत्तर प्रदेश में देवबंद को भी बंद किए जाने की जरूरत है। प्रधानमंत्री के समक्ष यह मांग रखी जा चुकी है। अब इस दिशा में कार्रवाई हो तो बहुत राहत होगी।
सोमवार को प्रयागराज में गिरफ्तारी के बाद मंगलवार को जगतगंज स्थित कैलगढ़ कालोनी में प्रेसकांफ्रेंस में राजश्री चौधरी ने कहा कि आजादी का जो सही मतलब था, वह अभी भी अधूरा है। उस पर चिंतन की जरूरत है कि जिन लोगों ने देश को आजाद कराने में अपने जान की बाजी लगा दी, उनका सपना कितना पूरा हो गया है, कितना बाकी है।
मुख्य रुप में अखिल भारत हिंदू महासभा की ओर से कहना है कि अभी भी आजादी अधूरा है, जब तक कि भारत सनातनी भारत न हो जाए। जब तक सनातनी संस्कृति वापस हमारे ढांचे में नहीं आती है, तब तक ऐसा ही लगता है कि अंग्रेजों का कानून कायम है। कहा कि कॉमनवेल्थ ऑफ नेशन का सदस्य होने की वजह से हम लोग अभी भी ब्रिटिश रानी के अधीन में हैं।
श्रृंगार गौरी के मामले में नेताजी की प्रपौत्री ने कहा कि यहां जो विग्रह है, वो तो सामने दिख रहे हैं। उसको लेकर लड़ाई का क्या मतलब है। जब भी सनातनी संस्कृति को लेकर किसी तरह की बात होती है तो समस्या शुरू हो जाती है। इस पर विवाद बंद होना चाहिए। आने वाले दिन में भारत सनातनी राष्ट्र बने , यहीं संकल्प है। वर्तमान समय में बिटिश से भी जितना खतरा है, आतंकवाद से उतना ही खतरा है। देवबंद के ऊलेमा, यूनिवर्सिटी को बंद कर देना चाहिए। इसके अलावा जिन मस्जिदों से पत्थरबाजी हुई थी, उसे भी सील किया जाना चाहिए। इसके लिए मैने पहले से ही चीफ जस्टिस आफ इंडिया को पत्र लिखा है। देवबंद आतंकवाद को बढ़ावा देने का गढ़ है और घर भी है। देवबंद ट्रेनिंग सेंटर है, यूपी में देवबंद को बंद करना चाहिए।