क्या है आरबीएसके
बच्चों के जन्म से लेकर 18 वर्ष की आयु तक उनके स्वास्थ्य की निगरानी करने, कुपोषित बच्चों की पहचान करने और अन्य स्वास्थ्य समस्याओं से निजात दिलाने के उद्देश्य से स्वास्थ्य विभाग की ओर से आरबीएसके संचालित किया जाता है। इसकी शुरुआत वर्ष 2013 में हुई थी। इसके तहत हर ब्लॉक में दो-दो टीमें गठित हैं। प्रत्येक टीम में मेडिकल ऑफिसर समेत चार सदस्य होते हैं। आरबीएसके के तहत 47 बीमारियों से प्रभावित बच्चों की पहचान कर उन्हें जरूरी जांच और इलाज की सुविधा उपलब्ध कराई जाती है।
क्या बोले अधिकारी
आरबीएसके की टीम को अगर जरूरी दवाइयां, वजन करने वाली मशीन और अन्य संसाधन मिल जाएं तो बच्चों की जांच और इलाज कराने में बड़ी राहत होगी। पिछले दिनों लखनऊ में हुई संघ की बैठक में भी एनएचएम कर्मियों को समय से मानदेय न मिलने और आरबीएसके के संचालन में आने वाली समस्याओं पर चर्चा हुई। जल्द ही शासन को पत्र भेजकर व्यवस्थाएं सुनिश्चित कराने की अपील की जाएगी। -अब्दुल जावेद, जिलाध्यक्ष, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन संविदा कर्मचारी संघ