नमो घाट पर आयोजन से पहले लेना होता है परमिशन
नमो घाट पर ओपन थिएटर सहित अन्य जगहों पर कार्यक्रम से पहले जिला प्रशासन से अनुमति लेनी होती है। जिसके बाद घाट अथॉरिटी और लोकल पुलिस को कार्यक्रम की जानकारी और परमिशन लेटर देना होता है।
गुरुवार को घाट पर आयोजित शादी समारोह के बाबत जब पुलिस से पूछा गया तो पुलिस ने जानकारी होने से इनकार कर दिया। वहीं रात में घाट पर घरातियों और बरातियों के द्वारा किए गए तांडव की सूचना भी पुलिस को नहीं मिली।
गौरतलब है कि पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए निर्मित नमो घाट पर आए दिन मारपीट और चोरी की घटनाएं होती हैं, लेकिन पुलिस को इसकी भनक तक नहीं रहती है। कमिश्नरेट बनने के बाद नमो घाट पर पुलिस चौकी के निर्माण कराने के बाबत शासनादेश भी आया था, लेकिन अभी तक घाट पर पुलिस चौकी नहीं बनी है।