स्टेशन बनने के बाद से ही लोग इसका नाम बदलने की मांग कर रहे थे। मंडुवाडीह रेलवे स्टेशन का नाम बनारस रखने का प्रस्ताव साल भर पहले अगस्त 2019 में तत्कालीन डीएम सुरेंद्र सिंह ने शासन को भेजा था। गृह मंत्रालय ने सोमवार को नाम बदलकर बनारस किए जाने का आदेश जारी कर दिया।
एयरपोर्ट सरीखी सुविधाओं से लैस मंडुवाडीह रेलवे स्टेशन पर कुल आठ प्लेटफॉर्म हैं। वाराणसी-नई दिल्ली की सबसे महत्वपूर्ण ट्रेन शिवगंगा एक्सप्रेस, ग्वालियर के लिए बुंदेलखंड एक्सप्रेस, खजुराहो के लिए लिंक एक्सप्रेस सहित आधा दर्जन प्रमुख ट्रेनों का संचालन इसी से होता है। कोरोना काल में सिर्फ शिवगंगा एक्सप्रेस का संचालन किया जा रहा है। उधर, पूर्वोत्तर रेलवे के पीआरओ अशोक कुमार ने बताया कि नामकरण की आधिकारिक पत्र अभी नहीं आया है।