उसके परिवार वाले फिर उसकी शादी कहीं और कराने की फिराक में थे, लेकिन इसकी भनक उसे लगी तो उसने मनोज के अलावा किसी से भी शादी से इंकार कर दिया। दोनों के परिजन किसी भी हाल में इनकी शादी कराने को तैयार नहीं थे और दोनों ओर से पंचायतों का दौर जारी था।
इसी बीच मामला शनिवार को रामगढ़ पुलिस चौकी तक पहुंच गया। पुलिस ने दोनों पक्षों को पुलिस चौकी बुलवाया और समझाने का प्रयास शुरू किया। काफी समझाने के बाद दोनों के परिजन शादी के लिए तैयार हुए थे तो पुलिस चौकी के बगल में स्थित मां दुर्गा भवानी के मंदिर में पंडित रामानंद तिवारी की उपस्थिति में वैदिक मंत्रोच्चारण के बीच ज्योति व मनोज की शादी करा दी गई।
इस मौके पर पुलिस के साथ ही क्षेत्र के सैकड़ों लोग मौजूद रहे। चौकी इंचार्ज रामगढ़ पंकज सिंह ने बताया कि लड़की की मां पार्वती देवी ने एक शिकायती पत्र सौंपा था। इसमें आरोप लगाया था कि मनोज करीब पांच साल से उसकी लड़की को शादी का झांसा देकर यौन शोषण कर रहा था।
इस पर पुलिस ने कार्रवाई करते हुए युवक व युवती को शनिवार को रामगढ़ पुलिस चौकी ले आई। पुलिस चौकी में जब दोनों ने साथ रहने की बात कही तो उनके परिवार वालों को बुलाया गया और उनके बालिग होने की जानकारी देते हुए शादी के लिए कहा गया। पहले तो वे तैयार नहीं थे, लेकिन काफी समझाने-बुझाने पर तैयार हो गए।