दर्ज मुकदमे में आरोप है कि अतुल राय ने सात मार्च 2018 को पीड़िता को अपनी पत्नी से मिलाने के बहाने रेस्टोरेंट में बुलाया और उसे कमरे में ले जाकर दुराचार किया। इसका वीडियो सीसीटीवी कैमरे से बना लिया और फिर पीड़िता को धमकाने लगा। उसने वीडियो वायरल भी कर दिया।
एक मई 19 को वाराणसी के लंका थाने में इसकी प्राथमिकी दर्ज कराई गई है। सरकारी वकील का कहना था कि याची के खिलाफ हत्या, अपहरण और बलात्कार जैसे 42 आपराधिक मामले चल रहे हैं। कोर्ट ने आरोपों को गंभीर माना और याचिका खारिज कर दी। बलिया की एक लड़की ने अतुल राय पर दुराचार का आरोप लगाया है।
उधर, सपा-बसपा गठबंधन प्रत्याशी अतुल राय के खिलाफ दर्ज दुष्कर्म के मुकदमे को लेकर फेसबुक पर एक-दूसरे पर आरोप लगाने और सफाई देने का दौर जारी है। पीड़िता अपने फेसबुक एकाउंट के माध्यम से आरोपी से जानमाल की सुरक्षा और अतुल के खिलाफ ठोस कार्रवाई की गुहार लगा रही है।
वहीं, अतुल राय समर्थक मुकदमे को साजिश बता रहे हैं। उन्होंने पीड़िता और भाजपा की एक महिला पदाधिकारी की फोटो सोशल मीडिया पर शेयर की और लिखा कि अतुल को झूठे आरोपों में फंसाया जा रहा है।