पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी और विख्यात तबला वादक किशन महाराज के बीच का एक किस्सा बहुत ही चर्चित रहा। जब किशन महाराज अटल बिहारी वाजपेयी से नाराज हो गए। नाराजगी इतनी अधिक थी कि किशन महाराज धरना देने दिल्ली में अटल बिहारी वाजपेयी के आवास पर चले गए।
हुआ यूं कि 1996 में नगर निगम प्रेक्षागृह में एक कार्यक्रम हुआ था। उस समय अटल बिहारी वाजपेयी ने सात संगीतकारों का सम्मान किया था। इनमें उस्ताद बिस्मिल्लाह खान, किशन महाराज, ज्योतिन भट्टाचार्य, सितारा देवी, गिरिजा देवी और महामहोपाध्याय मुसलगांवकर, राजेश्वर आचार्य शामिल थे।
अपने भाषण में वाजपेयी ने बिस्मिल्लाह को भारत का रत्न और किशन महाराज को भारत का भूषण कहा था। जब प्रधानमंत्री बने तो वाजपेयी ने बिस्मिल्लाह को भारत रत्न और किशन महाराज को पद्म विभूषण दिया।
किशन महाराज को भारत रत्न नहीं मिला तो वे नाराज हो गए और वाजपेयी के आवास पर धरना देने दिल्ली चले गए। वाजपेयी ने मुलाकात के दौरान किशन महाराज से वही 1996 का संस्मरण बताया और कहा जो मैंने उस दिन कहा था उसे पूरा किया। इसके बाद किशन महाराज बनारस लौट गए।