केस दो
तीन बार काउंसिलिंग के बाद एक हुए पति-पत्नी
आजमगढ़ की रहने वाली शिवांगी की शादी सारनाथ के तिलमापुर में रहने वाले मनीष से हुई थी। शादी के छह माह बाद ही पति-पत्नी में किसी बात को लेकर आपसी मतभेद हो गया। मामला महिला प्रकोष्ठ पहुंच गया। इस मामले में महिला प्रकोष्ठ की कार्यवाहक प्रभारी गीता सिंह ने पति और पत्नी की तीन बार काउंसिलिंग कराई और चौथी बार में पति और पत्नी एक दूजे के फिर से हो गए। दोनों एक दूसरे के साथ खुशहाल जीवन जी रहे हैं।
केस तीन
पति व पत्नी के मतभेद का किया निस्तारण
कोतवाली निवासी एक दंपती आपसी मतभेद को लेकर महिला प्रकोष्ठ पहुंचे। पति का कहना था पत्नी बेवजह उस पर शक करती है। फोन चेक करती है और फोन को लेकर लड़ाई भी करती है। महिला का कहना था, उसे लगता है शादी के बाद भी उसके पति का किसी और से चक्कर है। पति काम करने के बहाने को लेकर दिन भर फोन पर बात करता है। महिला प्रकोष्ठ की टीम ने दो बार काउंसिलिंग कर दोनो में समझौता कराया।
महिला सहायता प्रकोष्ठ में आने वाले प्रार्थना पत्रों की जांच कराई जाती है। पति और पत्नी सहित उनके परिवार वालों को बुलाकर उनकी काउंसिलिंग कराई जाती है, कोशिश होती है कि परिवार उजड़े नहीं बल्कि फिर से बस जाए। - सुभाष चंद्र दुबे, अपर पुलिस आयुक्त, अपराध व मुख्यालय