अमर उजाला फाउंडेशन की ओर से कारगिल विजय दिवस पर सुबह नौ बजे से तीन बजे तक लगने वाले शिविर में रक्तदान करने वालों को प्रशस्ति पत्र भी दिया जाएगा। शिविर में रोटरी क्लब, बीएचयू राष्ट्रीय सेवा योजना, पुलिस, पीएसी सहित अन्य सामाजिक संस्थाओं के पदाधिकारियों का भी सहयोग मिल रहा है।
प्राय: लोगों में इस तरह की भ्रांतियां रहती हैं कि खून देने से शरीर में कमजोरी आ जाएगी, इसलिए बहुत से लोग रक्तदान करने से कतराते हैं। लेकिन ऐसा नहीं है। चिकित्सकों के मुताबिक, रक्तदान करने से सेहत पर कोई असर नहीं पड़ता है। रक्तदान करने वाला व्यक्ति पूरी तरह स्वस्थ होता है।
आईएमए सचिव डॉ आरएन सिंह ने कहा कि अस्पतालों में लोगों को खून की जरूरत पड़ती है ऐसे में अधिक से अधिक लोगों को स्वैच्छिक रक्तदान के लिए आगे आना चाहिए। एक यूनिट रक्तदान से 4 लोगों की जान बचाई जा सकती है।
34वीं वाहिनी पीएसी (भुल्लनपुर) के कमांडेंट राजीव नारायण मिश्र ने कहा कि हर स्वस्थ व्यक्ति को रक्तदान करना चाहिए। साल भर में दो बार कम से कम रक्तदान करना चाहिए। ‘एक रक्तदान, बचाए चार जान’ को ध्यान में रखकर स्वैच्छिक रक्तदान कीजिए।