करीब 400 करोड़ रुपये की इस परियोजना में राज्य सरकार ने 32 एकड़ जमीन के अधिग्रहण में 120 करोड़ रुपये खर्च किए हैं। बीसीसीआई के पदाधिकारियों ने बैठक में बताया कि अनुबंध के बाद इस परियोजना के लिए 300 करोड़ रुपये यूपीसीए को दिए जाएंगे। इसमें दो स्तर पर कार्यदायी संस्था के चयन पर सहमति बनी है। एक संस्था निर्माण के लिए आवश्यक अनापत्ति प्रमाण पत्र, नक्शा, डिजाइन आदि उपलब्ध कराएगी और दूसरी संस्था का चयन निर्माण के लिए किया जाएगा।
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क्रिकेट स्टेडियम की सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
बीसीसीआई और यूपीसीए के पदाधिकारियों की प्रशासनिक अधिकारियों के साथ हुई बैठक में यह निर्णय लिया गया कि क्रिकेट स्टेडियम अगले साल 2024 तक बनकर तैयार होगा। शिलान्यास के पहले सभी पहलुओं पर मंथन कर ऐसी तैयारी कराई जाएगी कि अप्रैल या मई में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हाथों शिलान्यास कराने के बाद अगले दिन से यहां निर्माण कार्य शुरू करा दिया जाए।
बीसीसीआई के सचिव जय शाह बुधवार की दोपहर तकनीकी टीम के साथ प्रस्तावित स्टेडियम स्थल पहुंचे। मंडलायुक्त, यूपीसीए, वास्तुकार सहित अन्य तकनीकी अधिकारियों के साथ चर्चा की। वास्तुकार, डिजाइन एक्सपर्ट की टीम ने मैपिंग के सहारे स्टेडियम में पार्किंग, सड़क सहित अन्य सुविधाओं के लिए स्थान चिह्नित किया। राजस्व कर्मियों की मौजूदगी में स्टेडियम के लिए ली गई 32 एकड़ जमीन की बाउंड्री पर झंडी लगाकर मैपिंग कराई गई।