जिले के 13 ऐसे शिक्षक बाद में चिह्नित किए गए जिनके दिव्यांगता प्रमाण पत्र में खामियां थीं। इन सभी को नोटिस जारी किया गया है। कहा गया कि वह अपना पक्ष मेडिकल बोर्ड के समक्ष रख सकते हैं। अन्यथा कार्रवाई तय है। पहले तीन नोटिस जारी किए जा चुके हैं। तीन दिन पहले पुन: नोटिस भेजकर मेडिकल बोर्ड के समक्ष उपस्थित होने के लिए कहा गया है। यदि ये शिक्षक नहीं पहुंचे तो मेडिकल बोर्ड जो निर्णय लेगा उसी के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।
फर्जी तरीके से दिव्यांग प्रमाणपत्र बनवाकर नौकरी करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। पहले आठ और बाद में 13 ऐसे शिक्षक चिह्नित किए गए हैं। 13 शिक्षकों को नोटिस भेजकर मेडिकल बोर्ड के समक्ष प्रस्तुत होने के लिए कहा गया है। - डॉ. गोरखनाथ पटेल, बीएसए।