मौके पर मौजूद मकान मालिक सुभाष पाल की पत्नी रेखा से पूछताछ की गई। उन्होंने बताया कि उन्होंने उक्त स्थान ऑटो चालक व गैस डिलीवरी करने वाले परमानंद महतो उर्फ पारो, निवासी बेगूसराय (बिहार) को मात्र 500 रुपये प्रतिमाह पर ऑटो खड़ा करने के लिए दिया था। उन्हें इस बात की जानकारी नहीं थी कि वह अवैध गैस रिफिलिंग का काम करता है।
घटना की सूचना मिलते ही जिला पूर्ति अधिकारी गुलाबचंद और क्षेत्रीय खाद्य अधिकारी पुलकित वत्स भी मौके पर पहुंचे और जांच की। अधिकारियों ने जांच के दौरान अवैध रूप से गैस रिफिलिंग और सिलेंडरों के भंडारण की पुष्टि की।
थाना प्रभारी राजू सिंह ने बताया कि क्षेत्रीय खाद्य अधिकारी पुलकित वत्स की तहरीर पर संबंधित धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। फरार आरोपी की तलाश की जा रही है और मामले में आगे की विधिक कार्रवाई जारी है। पुलिस ने बताया कि इस तरह की अवैध गतिविधियां न केवल कानून का उल्लंघन हैं, बल्कि लोगों की जान-माल के लिए भी गंभीर खतरा पैदा करती हैं।