Varanasi News: आईआईटी में छात्रा से सामूहिक दुष्कर्म के मामले में अभियोजन पक्ष के गवाह एयरटेल के नोडल की वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से गवाही प्रस्तावित थी लेकिन तकनीकी कारणों से संपर्क स्थापित नहीं हो सका।
आईआईटी बीएचयू की छात्रा से वर्ष 2023 में हुए सामूहिक दुष्कर्म के मामले में बृहस्पतिवार को फास्ट ट्रैक कोर्ट (प्रथम) के न्यायाधीश कुलदीप सिंह की अदालत में सुनवाई टल गई। मामले में अभियोजन पक्ष के गवाह एयरटेल के नोडल अधिकारी कौशलेंद्र त्रिपाठी (गोमतीनगर, लखनऊ) की वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से गवाही प्रस्तावित थी लेकिन तकनीकी कारणों से संपर्क स्थापित नहीं हो सका। इसके चलते अदालत ने मामले की अगली सुनवाई के लिए 10 अगस्त की तिथि निर्धारित की है।
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सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से एडीजीसी मनोज गुप्ता उपस्थित रहे। वहीं, आरोपितों की ओर से अधिवक्ता ने अदालत में पक्ष रखा। अभियोजन के अनुसार, दो नवंबर 2023 की रात बीएचयू परिसर में आईआईटी की एक छात्रा के साथ बाइक सवार तीन युवकों ने सामूहिक दुष्कर्म किया था। पीड़िता की तहरीर पर लंका थाने में प्राथमिकी दर्ज हुई थी।
विवेचना के दौरान कुणाल पांडेय, आनंद चौहान उर्फ अभिषेक और सक्षम पटेल के नाम सामने आने पर उन्हें आरोपित बनाया गया। मामले में अभियोजन पक्ष की अंतिम गवाही का दौर चल रहा है। अब अगली सुनवाई 10 अगस्त को होगी, जिसमें गवाह की गवाही कराने का प्रयास किया जाएगा।