आईआईटी बीएचयू में बवाल जारी
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दोपहर बाद अचानक बढ़ी भीड़
सुबह 10 बजे निदेशक कार्यालय के सामने धरने की शुरुआत हुई तो 300-400 छात्र-छात्राएं मौजूद थे। मगर, दोपहर दो बजे क बाद अचानक संख्या तेजी से बढ़ने लगी और चार बजे तक यह संख्या छह हजार तक पहुंच गई। इसके बाद धरना स्थल से जस्टिस रैली निकाली गई।
जांच में लापरवाही बरत रही पुलिस
स्टूडेंट्स पार्लियामेंट ने आरोप लगाया है कि पुलिस जांच में लापरवाही बरत रही है। छात्रों ने पुलिस पर बयान बदलवाने का भी आरोप लगाया है। स्टूडेंट्स पार्लियामेंट ने पुलिस से वर्तमान जांच की स्थिति बताने और जल्द से जल्द आरोपी की गिरफ्तारी की मांग की है।
घटना के आठ दिन बाद भी पुलिस अभी तक अपराधी तक नहीं पहुंच पाई। साथ ही पुलिस छात्रा से बार-बार बयान बदलवाने की बात कर रही है। पुलिस की जांच पर हमें संदेह है। - प्रणव सुरेश, स्टूडेंट्स पार्लियामेंट हेड
पुलिस जांच की वर्तमान स्थिति नहीं बता पा रही है। पुलिस अपराधियों को पकड़े और जांच की स्थिति बताए। इसके साथ ही मामले की जांच के लिए एसआईटी का गठन हो। - ईशान अग्रवाल, स्टूडेंट्स पार्लियामेंट सदस्य
आईआईटी छात्रों के लिए रात में एक गेट से प्रवेश चाहते हैं बीएचयू छात्र
आईआईटी बीएचयू में रात 10 बजे से सुबह 5 बजे तक बीएचयू छात्रों और शिक्षकों के प्रवेश पर रोक के फैसले के विरोध में बीएचयू के छात्र और पूर्व छात्र उतर आए हैं। उनका कहना है कि आईआईटी बीएचयू के छात्रों के लिए भी उनके संस्थान से बाहर जाने के लिए बस एक ही प्रवेश और निकास की व्यवस्था रात 10 बजे से सुबह 6 बजे तक की जानी चाहिए। बुधवार को बीएचयू संघर्ष समिति के बैनर तले इसके लिए चीफ प्रॉक्टर को दस सूत्रीय मांग पत्र सौंपा गया।