टेक्नो फ्रेंडली प्रोफेसर को मिलेगी वरीयता
- स्टार्टअप और टेक्नो फ्रेंडली प्रोफेसर को चयन में वरीयता दी जाएगी। इनके पास आईपी (इंटलेक्चुअल प्रॉपर्टी) मैनेजमेंट की शैक्षणिक योग्यता होनी चाहिए। ये चेयर प्रोफेसर पेडागोजी और रिसर्च को लेकर संस्थान में काम करेंगे।
- चेयर प्रोफेसर की नियुक्ति एक साल के लिए होगी। उम्र 70 वर्ष से ज्यादा नहीं होनी चाहिए। हर महीने एक लाख रुपये वेतन दिया जाएगा। वहीं, यदि संस्थान का ही कोई प्रोफेसर बनता है तो उसे 25 हजार रुपये महीने दिए जाएंगे।
डिप्लोमा से लेकर पोस्ट डॉक्टोरल कोर्स भी चलेगा
- स्नातक स्तर पर क्रेडिट कोर्स और एक पाठ्यक्रम के तौर पर आईपीआर को शामिल किया जाएगा। आईपीआर के क्षेत्र में विशेषज्ञता के लिए स्नातकोत्तर डिग्री और डिप्लोमा कोर्स भी चलाए जाएंगे। डॉक्टरेट और पोस्ट-डॉक्टरेट के लिए भी विशेष कोर्स चलेंगे। ऑनलाइन और डिस्टेंस लर्निंग कोर्स भी शुरू किए जा सकते हैं।
- कानूनी, आर्थिक, सामाजिक, तकनीकी, बिजनेस संबंधी क्षेत्रों में रिसर्च करने के लिए फुलटाइम या पार्ट टाइम स्कॉलरशिप और फेलोशिप की शुरुआत की जाएगी।