मउ जिले के मधुबन थाना क्षेत्र के सिपाह इब्राहिमाबाद में शनिवार की रात आई बरात के स्वागत सत्कार के बाद मंगल में अमंगल की स्थिति तब उत्पन्न हो गई, जब सिंदूर दान की रस्म निभाई जा रही थी। इस दौरान जब दूल्हे की आंख से चश्मा हटाया, तो दूल्हे की आंख गड़बड़ देख दुल्हन ने शादी से इनकार कर दिया।
दुल्हन के इस निर्णय से वर पक्ष के लोग असहज हो गए। दोनों पक्षों के कुछ प्रबुद्ध लोग इस मामले का हल निकालने में जुटे रहे। लेकिन घंटों मशक्कत के बाद भी मामले का हल नहीं निकला। इस दौरान आरोप-प्रत्यारोप के बीच मामला थाने पहुंचा। यहां दोनों पक्षों ने अपनी बातों को रखा। पुलिस के बीच बचाव करने से आपसी लेनदेन कर मामले को समाप्त करने पर सहमति बननी।
बताते चलें कि शनिवार की शाम एक गांव से सिपाह इब्राहिमाबाद में बरात आई हुई थी। जहां सब कुछ हर्षोल्लासपूर्ण माहौल में चल रहा था, तभी वधू पक्ष वर पक्ष के आवभगत में लगा रहा। शादी में होने वाली रश्म अदायगी को मंत्रों उच्चारण के बीच संपन्न कराया जा रहा था। द्वारपूजा के बाद शादी में सिंदूरदान की भी रश्म पूरी हो गई, लेकिन शादी कार्यक्रम के दौरान दूल्हे ने आखों पर चश्मा पहना हुए था।
जब कोहबर के रश्म को अदा की जा रही थी, कि उसी दौरान लड़कियों ने वर के आखों से चश्मा हटा दिया, तो दूल्हे राजा की हकीकत सबके सामने आ गई। लड़कियां व दुल्हन ने दूल्हे की आंखों में दोष देख हक्काबक्का रह गईं। दुल्हन ने इस बात की जानकारी अपने परिजनों को देते हुए ससुराल जाने से इंकार कर दिया। जिसके बाद वधू पक्ष के इंकार किए जाने पर वर पक्ष में अफरातफरी मची रही। दोनों पक्षों के मानमनौव्वल के बाद भी जब मामला नहीं बना तो दोनों पक्ष थाने पहुंच गएं। जहां आपसी बातचीत व प्रवुद्ध लोगों के हस्तक्षेप के बाद आपसी लेनदेन करते हुए मामले का पटाक्षेप करने पर सहमति बनी।