इसके बाद निवेशकों ने अपने को ठगा मानकर सीएमडी विकास सिंह और कंपनी में एमडी उसकी पत्नी ऋतु सिंह सहित अन्य कर्मचारियों पर धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कराया। आरोप है कि मलदहिया के इंडियन प्रेस कालोनी स्थित कार्यालय में बुलाकर निवेशकों संग मारपीट की गई और उन्हें जान से मारने की धमकी दी गई।
रामापुरा निवासी प्रबंधक प्रदीप यादव और विशेश्वरगंज निवासी पलास ने भी निवेशकों संग कंपनी के नाम पर धोखाधड़ी की। यह रिकार्ड ही रहा कि चेतगंज थाना में नीलगिरी के खिलाफ 50 से अधिक मुकदमे एक माह के अंदर दर्ज हुए। पुलिस आयुक्त ए सतीश गणेश ने बताया कि चारों आरोपियों की संपत्ति का ब्यौरा खंगाला जा रहा है, गैंगस्टर एक्ट की कार्रवाई के बाद आगे संपत्ति भी जब्त की जाएगी।