राजनैतिक वैमनस्यता के कारण आरोपी बनाया गया है। सिर्फ राजनीतिक दबाव के वजह से उसके खिलाफ आरोप पत्र दाखिल कर दिया। ऐसे में आरोप न बनाकर उसे डिस्चार्ज यानि आरोप मुक्त कर दिया जाए। अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट पंचम/एमपी-एमएलए कोर्ट उज्जवल उपाध्याय की अदालत इस पर सात अक्तूबर को सुनवाई करेगी।