मिर्जापुर जिले के मड़िहान क्षेत्र के गोरथरा गांव में सोमवार को पराली जलाने के मामले में सेटेलाइट से पकड़े गए तीन किसानों पर एसडीएम मड़िहान ने 10 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। इससे क्षेत्र में हड़कंप मच गया है। एसडीएम विमल कुमार दूबे ने बताया कि पराली जलाने की जानकारी लखनऊ मुख्यालय स्थित सेटेलाइट के माध्यम से मिली। जिसमें गोरथरा गांव के तीन किसान पराली जलाते पाए गए।
इसकी सूचना मिलते ही तत्काल तहसीलदार कर्मेन्द्र कुमार के साथ राजस्व निरीक्षक व क्षेत्रीय लेखपाल की टीम ने फौरन गांव में पहुंचकर मौके का मुआयना किया। मामला सही पाए जाने पर टीम ने तत्काल रिपोर्ट किया। उन्होंने बताया कि उक्त किसानों पर पांच हजार व सीमांत किसान से ढाई हजार जुर्माना वसूल करने का आदेश संग्रह अमीन को दिया। उप निदेशक कृषि डा. एके उपाध्याय ने कहा है कि सेटेलाइट से निगरानी हो रही है। कोई भी किसान अपने खेतों में फसल अपशिष्ट अथवा पराली न जलाएं।
कम्बाईन से धान की फसल कटाई करने के बाद बचे अवशेष यानी पराली जलाने पर पाबंदी है। पिछले साल तक बड़ी संख्या में किसान पराली जलाते थे और जिम्मेदार विभाग सिर्फ कोरम पूरा करता था। प्रदेश की राजधानी दिल्ली समेत पूरे एनसीआर व अन्य जगहों पर बड़ते प्रदूषण को देखते हुए सरकार ने पराली जलाने को लेकर सख्ती दिखाई है। हालांकि इसके बाद भी किसान फसल अवशेष को जलाने में पीछे नहीं हैं। पराली जलाने पर रोक लगाने की जिम्मेदारी पुलिस व प्रशासन दोनों को दी गई है।