अतिथियों का आभार जताते हुए कुलपति प्रो राजाराम यादव ने कहा कि विश्वविद्यालय ने गुणवत्ता युक्त शिक्षा को अपनी प्राथमिकता में शामिल किया है। समापन सत्र में डॉ. एसबी यादव, डॉ. अमित अस्थाना, डॉ. वी. राजेंद्रन, डॉ. अर्चना कुमारी, डॉ. वीएच पाटनकर, डॉ. सुधांशु त्रिपाठी, डॉ. महावीर सिंह, डॉ.ओपी चिनमंकर, डॉ. आलोक कुमार गुप्ता आदि ने विचार रखे।
सम्मेलन के चेयरमैन प्रो. बीबी तिवारी ने धन्यवाद ज्ञापन किया। संचालन डॉ.मेहरबान ने किया। इस अवसर पर डॉ. प्रमोद यादव, डॉ. प्रवीण धवन, डॉ. गिरिधर मिश्र, डॉ. देवराज सिंह, डॉ. युधिष्ठिर आदि मौजूद रहे।
एक ही स्टेप में खत्म होंगे कैंसर के बैक्टीरिया
हैदराबाद सीएसआईआर कोशकीय एवं आणविक जीव विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक डॉ अमित अस्थाना ने कहा कि कैंसर में लिपोसेंस पद्धति के माध्यम से प्रभावी कार्य किया जा रहा है। कैंसर में कीमोथेरेपी विधि से मरीज को काफी परेशानी होती है। मरीज पर साइड इफेक्ट पड़ता है।
लिपोसेंस प्रक्रिया के माध्यम से हम कैंसर के स्थान पर आवश्यक दवा का उपयोग करके उस स्थान के सेल को क्षतिग्रस्त करते हैं, जिससे वहां के बैक्टीरिया निष्क्रिय हो जाते हैं। इसका प्रयोग महिलाओं के ब्रेस्ट कैंसर में काफी उपयोगी होगा। वहीं पुणे विश्वविद्यालय के प्रो. विलास राव तभाने ने ध्वनि लहरों की मानव जीवन पर होने वाले प्रभाव और उपयोगिता पर विस्तार से बताया।