ब्रांडेड कंपनियों के रैपर में नकली सरसों तेल की बिक्री करने वाले गिरोह का शुक्रवार को क्राइम ब्रांच और खाद्य विभाग ने भंडाफोड़ किया। कतुआपुरा स्थित मकान में छापा मारकर टीम ने भारी मात्रा में तैयार माल, रैपर, पैकिंग मशीन, स्प्रिट, हानिकारक केमिकल, रंग सहित नकली तेल बनाने में उपयोग होने वाले अन्य उपकरण बरामद किया। इस दौरान व्यापारी को टीम ने गिरफ्तार किया।
क्राइम ब्रांच प्रभारी अश्विनी पांडेय को सूचना मिली कि कोतवाली थाना अंतर्गत कतुआपुरा स्थित मकान में नकली सरसों का तेल तैयार कर बेचा जाता है। ब्रांडेड कंपनियों का रैपर और लोगो लगाकर मिलावटी तेल तैयार होता है। इस पर टीम ने खाद्य विभाग और कोतवाली पुलिस को साथ लेकर कतुआपुरा स्थित मकान में छापा मारा। गोदाम से सलोनी कंपनी के भरे हुए 77 टीन, फार्च्यून रिफाइन के भरे 54 टीन, चावल का तेल भरे 10 टीन कन्ना तेल, 37 टीन कोल्हू का तेल और 150 खाली टीन बरामद हुआ। फार्च्यून व सलोनी जैसे ब्रांड के भारी मात्रा में रैपर, पैकिंग मशीन, केमिकल, रंग आदि उपकरण बरामद हुए। गोदाम से ओम प्रकाश जायसवाल उर्फ पुतुल साव को गिरफ्तार किया। आरोपी से पुलिस पूछताछ कर रही है।
क्राइम ब्रांच की पूछताछ में कतुआपुरा निवासी ओम प्रकाश जायसवाल उर्फ पुतुल साव ने बताया कि वह घर के पास किराए का मकान लेकर उसे गोदाम के तौर पर उपयोग कर रहा था। नकली तेल बनाने के धंधे में पुतुल साव के अलावा और भी कई लोग शामिल हैं। पुलिस उनकी तलाश कर रही है। आसपास के लोगों ने पुलिस की पूछताछ में बताया कि लंबे समय से नकली तेल बनाने का धंधा यहां चल रहा था। ब्रांडेड कंपनियों के नाम पर नकली तेल तैयार करके बेचा जा रहा था। टीम में एसआई बृजेश मिश्रा, जितेंद्र सिंह, शक्तिधर पांडेय, अमित शुक्ला आदि रहे।
पूर्वांचल भर में होती थी सप्लाई
खाद्य विभाग के अधिकारियों ने बताया कि गोदाम से रंग, स्प्रिट और हानिकारक केमिकल बरामद किए गए हैं, जिनका उपयोग करके नकली तेल बनाने का काम किया जाता था। दरअसल, कन्ना (चावल) के तेल में रंग और स्प्रिट के साथ केमिकल मिला कर उसे टीन में पैक कर उस पर नामी तेल कंपनियों का लोगो- रैपर लगा कर तैयार किया जाता था, जिसे विशेश्वरगंज किराना मंडी, खोजवा के अलावा पूर्वांचल के विभिन्न जिलों में बेचा जाता था।
गायघाट पुलिस चौकी को भनक नहीं
कतुआपुरा में हुई इस कार्रवाई को लेकर आसपास के लोगों में कोतवाली पुलिस के प्रति काफी नाराजगी रही। लोगों का कहना था कि गायघाट पुलिस चौकी पास में है, इसके बावजूद तेल के इस खेल की भनक पुलिस को नहीं लगी। जबकि उसी रास्ते से पुलिसकर्मियों का आना जाना है।
दो साल पूर्व आरोपी पुतुल साव पर हुई थी फायरिंग
पुतुल साव के बारे में पुलिस ने जानकारियां जुटाईं तो मालूम चला कि नौ दिसंबर 2019 को पुतुल के ऊपर फायरिंग कर 50 हजार की लूट हुई थी। गोली हाथ में लगी थी, आरोपी मनोज यादव उर्फ पुलपुल को 16 जनवरी 2020 को क्राइम ब्रांच ने गिरफ्तार किया था।