वाराणसी। ट्रेनों में एस्कोर्ट करने वाले जीआरपी के सिपाही अब ड्यूटी छोड़कर मनमानी नहीं कर पाएंगे। उन्हें निर्धारित स्टेशन तक ट्रेन के साथ ही जाना होगा। यदि बीच में किसी स्टेशन पर उतरे तो तत्काल पकड़ में आ जाएंगे। जीआरपी इलाहाबाद अनुभाग के एसपी राम कृष्णा भारद्वाज ने सिपाहियों की मनमानी रोकने के लिए अनूठी पहल की है। उन्होंने सॉफ्टवेयर तैयार कराया है, जिसकी मदद से सिपाहियों की लोकेशन का लगातार पता चलता रहेगा। वे जहां भी रहेंगे, कंट्रोल रूम के सीधे संपर्क में रहेंगे।
ट्रेनों पर एस्कोर्ट ड्यूटी पर तैनात सिपाहियों के खिलाफ शिकायतें मिलती रही हैं, कि वे बीच में ही किसी स्टेशन पर उतर जाते हैं। ऐसे में ट्रेन में किसी तरह की वारदात होने पर पुलिस वाले मौके पर रहते ही नहीं। इसका हल निकालते हुए इलाहाबाद अनुभाग के एसपी ने ‘रक्षक’ नामक सुरक्षा योजना शुरू की है। इसके तहत एस्कोर्ट ड्यूटी में जाने वाले सिपाहियों को विशेष किस्म का सिमकार्ड दिया जाएगा। जीपीएस पर आधारित इस सिम के जरिये सिपाहियों की लोकेशन मिलती रहेगी। एसपी ने अनुभाग की 15
प्रमुख ट्रेनों में यह व्यवस्था लागू कर दी है। इलाहाबाद स्थित कंट्रोल रूम में साफ्टवेयर स्टाल किया गया है। हर दस मिनट में यह सिम की लोकेशन अपडेट करता रहता है। इसके जरिये सिपाहियों को आसानी से ट्रेस किया जा सकता है। इसके अलावा ट्रेन के टीटीई, गार्ड, चालक और कोच अटेंडेंट के साथ ही आम यात्री भी जरूरत पड़ने पर एस्कार्ट टीम से संपर्क कर सकेंगे।