बिजली निगम के निजीकरण का मुद्दा कर्मचारियों ने एक बार फिर से पुरजोर तरीके से उठाया है। इसमें लोकसभा में इलेक्ट्रिसिटी (अमेंडमेंट) बिल 2025 प्रस्तुत करने के प्रस्ताव का कर्मचारियों ने विरोध जताया है। उन्होंने कहा कि इसे लेकर जिले के सभी बिजली कार्यालयों पर मंगलवार को विरोध प्रदर्शन करेंगे। चेतावनी दी कि यदि संसद में प्रस्ताव पारित किया गया तो राष्ट्रव्यापी हड़ताल की जाएगी।
विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति के बैनर तले केंद्र सरकार की ओर से इलेक्ट्रिसिटी (अमेंडमेंट) बिल 2025 को लोकसभा में प्रस्तुत करने के फैसले का विरोध जताया गया। समिति के मीडिया प्रभारी अंकुर पांडेय ने कहा कि प्रदर्शन में बिजली कर्मचारियों के साथ ही जूनियर इंजीनियर सहित अन्य लोग कार्यालय में दोपहर में कामकाज नहीं करेंगे। कहा कि बिजली निगम का निजीकरण किसी कीमत पर स्वीकार नहीं किया जाएगा। इलेक्ट्रिसिटी (अमेंडमेंट) बिल 2025 किसान विरोधी, कर्मचारी विरोधी और उपभोक्ता विरोधी है। इस बिल के लागू होने से बिजली दरों में भारी वृद्धि होगी।