वाराणसी में संपूर्ण समाधान दिवस में आई शिकायतों के निस्तारण को लेकर डीएम ने फटकार लगाई तो राजस्व निरीक्षक बेहोश हो गए। मौके पर मौजूद अधिकारियों द्वारा पानी छिड़ककर उन्हें होश में लाया गया।
जिलाधिकारी एस राजलिंगम की अध्यक्षता में शनिवार को सदर तहसील सभागार में संपूर्ण समाधान दिवस में कुल 261 शिकायतें आईं, सिर्फ पांच का ही मौके पर निस्तारण हो सका है। बाकी के निस्तारण के निर्देश डीएम ने अफसरों को दिए। वहीं, शिवपुर क्षेत्र के पिसौर में जमीन के मसले के निस्तारण में देरी का मामला उठा तो डीएम ने राजस्व निरीक्षक राकेश चतुर्वेदी को फटकार लगा दी।
विज्ञापन
पूछा कि इसके समाधान में देरी क्यों हो रही है, इसका तत्काल निस्तारण कराइए। इस पर राजस्व निरीक्षक बेहोश हो गए। राजस्व अफसरों ने उनके चेहरे पर पानी का छिड़काव किया तो वह होश में आए।
डीएम ने गिलट बाजार व बाईपास की जमीन के प्रकरण के निस्तारण के लिए राजस्व टीम व शिवपुर एसएचओ उदयवीर सिंह को निर्देशित किया। कहा कि निस्तारण में किसी भी तरह की लापरवाही न बरती जाए। मौके पर जाएं और शिकायतकर्ता का पक्ष सुनने के बाद ही निस्तारण करें। शिकायतकर्ता की संतुष्टि के प्रति अधिकारी पूरी संवेदनशीलता बरतें।
विज्ञापन
डीएम ने भूमि विवाद/अतिक्रमण की शिकायतों पर राजस्व अधिकारियों को निर्देश दिए कि राजस्व निरीक्षक, लेखपाल व पुलिस कर्मी मौके पर जाएं और निरीक्षण करने के बाद ही शिकायत का निस्तारण करें। कहा कि सामान्य तौर पर कुछ प्रकरण ऐसे होते हैं, जिसमें शिकायतकर्ता बताते हैं कि बिना उन्हें सुने ही निस्तारण कर दिया जा रहा है। यह बहुत आपत्तिजनक है। कहा कि अफसर इसमें लापरवाही न बरते, नहीं तो कड़ी कार्रवाई की जाएगी।