देश की अर्थव्यवस्था तभी मजबूत होती है जब औद्योगिक इकाईयों का पहिया बगैर बाधा के लगातार घूमता रहता है। कोरोना काल में औद्योगिक इकाईयों ने अपनी कार्य क्षमता को प्रदर्शित भी किया। उद्यमियों ने यह दिखाया कि अवसर और प्रोत्साहन मिले तो स्वदेशी का नारा बुलंद हो सकता है। एक बार फिर वाराणसी के उद्यमियों ने नए साल में आगामी बजट को देखते हुए पूर्वांचल को विशेष पैकेज देने की मांग की है। वित्त मंत्री निर्मला सीतामरण को विशेष पैकेज को लेकर पत्र भी भेजा है।
सोमवार को मलदहिया स्थित इंडियन इंडस्ट्रीज एसोसिएशन की बैठक में राष्ट्रीय उपाध्यक्ष आरके चौधरी ने कहा कि पूर्वांचल के समग्र विकास के लिए पैकेज बहुत जरूरी है। सरकार के थोड़े से प्रयास से इस क्षेत्र में उद्योगों का जाल बिछाया जा सकता है, विगत कई वर्षों से इस क्षेत्र के विकास के लिए पूर्वांचल पैकेज की मांग की जा रही है। अब वक्त आ गया है कि इस ओर ध्यान देकर पूर्वांचल के तीव्र विकास का खाका तैयार किया जाए। क्योंकि पूर्वांचल में उद्योग व उद्यमिता की असीम संभावनाएं हैं, यहां औद्योगिक विकास के सभी संसाधन प्रचुर मात्रा में उपलब्ध हैं...